पॉवर सेक्टर के लिए बनेगी एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पूंजी की कमी से जूझ रहे पॉवर सेक्टर को उबारने के लिए सरकार अब एक एसेट
वित्त मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक पॉवर सेक्टर की कंपनियों और बैंकों के प्रमुखों के साथ पिछले महीने ऊर्जा राज्य मंत्री पीयूष गोयल ने बैठक की थी।
बैंकों में सरकार की हिस्सेदारी कम करने का रोडमैप आम बजट में सरकार द्वारा सरकारी बैंकों में अपनी हिस्सेदारी कम करने की घोषणा के बाद, वित्त मंत्रालय इसके लिए रोडमैप जल्द जारी करेगा। वित्त मंत्री के अनुसार सरकार बैंकों में अपनी अधिकतम हिस्सेदारी रखक र शेष हिस्सेदारी को बेचेंगे। ऐसा कर बेसल-3 मानकों के तहत बैंकों के लिए पूंजी जुटाना आसान हो जाएगा। इसके अलावा बड़े बैंकों के छोटे बैंकों में विलय संबंधी रोडमैप भी सरकार जल्द पेश करेगी।
फंड के जरिए अटके पॉवर प्रोजेक्ट को जहां रिवाइव किया जा सकेगा, वहीं बैंकों के फंसे कर्ज की वसूली हो सकेगी।
जिसमें पॉवर सेक्टर को रिवाइव करने के लिए एक फंड बनाने का प्रस्ताव आया था। इसके तहत करीब 1 लाख करोड़ रुपये का फंड बनाना था। अधिकारी के अनुसार इस फंड को एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनी के जरिए इस्तेमाल करने करने की रुप रेखा तैयार की जा रही है। जिसमें पॉवर कंपनियों के साथ बैंक भी निवेश करेंगे।