यूरिया मूल्यवृद्धि पर फैसला टला

Market Updated Fri, 15 Jun 2012 12:00 PM IST
Decision-on-urea-hike-averted
ख़बर सुनें
सरकार ने यूरिया की खुदरा कीमतों में बढ़ोतरी का फैसला टाल दिया है। आर्थिक मामलों की कैबिनेट कमेटी की बृहस्पतिवार को हुई बैठक में खाद मंत्रालय की ओर से यूरिया के खुदरा मूल्य में 10 फीसदी बढ़ोतरी के प्रस्ताव पर सरकार कोई निर्णय कर पाई।
यूरिया इकलौती ऐसी खाद है, जिसकी कीमतों पर सरकार का पूरा नियंत्रण है। फिलहाल, यूरिया का खुदरा मूल्य 5,310 रुपया प्रति टन है। खाद मंत्रालय चाहता था कि इसे बढ़ाकर 5,841 रुपये प्रति टन कर दिया जाए सूत्रों के मुताबिक, कुछ मंत्रालय यूरिया की खुदरा कीमतें बढ़ाने का विरोध कर रहे हैं।

उनका मानना है कि इससे किसानों पर बोझ बढ़ेगा। खाद मंत्रालय ने यह प्रस्ताव सरकार पर सब्सिडी का बोझ कम करने और मिट्टी में असंतुलित पोषक तत्वों के इस्तेमाल को हतोत्साहित करने के तहत दिया था। सरकार मुख्य रूप से खाद, ईंधन और खाद्य पदार्थों पर सब्सिडी उपलब्ध कराती है।

2011-12 में खाद सब्सिडी बिल पर 24,500 करोड़ रुपये व्यय का अनुमान है। इससे पहले, सरकार की योजना पोषक तत्व आधारित सब्सिडी (एनबीएस) स्कीम के अंतर्गत यूरिया सेक्टर को नियंत्रणमुक्त करने की थी।

Recommended

Spotlight

Related Videos

बेटियों के लिए खतरा हैं BJP विधायक! देखिए राहुल गांधी ने क्या कहा

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने रेप की घटनाओं के लेकर बीजेपी सरकार और पीएम मोदी को निशाने पर लिया।

14 अगस्त 2018

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree