यह पैर है या पहाड़? एक युवती बन गई 'डायन'

अमर उजाला, दिल्ली Updated Thu, 21 Nov 2013 01:45 PM IST
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woman suffering from elephantiasis

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दुनिया में अभी भी कई ऐसे देश और इलाके हैं, जहां अंधविश्वास की जड़ें आज भी काफी गहरी हैं। जहां लोग आज भी बीमारियों को ईश्वर के श्राप से जोड़कर देखते हैं।
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मिरर की खबर के अनुसार, एक ऐसा ही मामला सादिया अब्दीनुर का है। जो एक ऐसी दुर्लभ बीमारी से पीड़ित हैं। यह दुनिया में कुछेक लोगों को ही है।
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लेकिन सादिया का दुख ये नहीं है। अफ्रीका के गांव में रहने वाली सादिया की सबसे बड़ी मुसीबत ये है कि उनके आसपास रहने वाले लोग उनकी बीमारी को एक बला समझते हैं और सादिया को डायन।

हालांकि, संभव है कि आने वाले समय में सादिया की तकलीफें दूर हो जाएं क्योंकि एक ब्रिटिश सर्जन ने उनकी मुफ्त सर्जरी करने का विश्वास दिलाया है।

आम बोलचाल की जुबान में इस बीमारी को हाथी पांव कहते हैं, लेकिन 35 वर्षीय सादिया को उनके पड़ोसी डायन मानते हैं। सादिया अपनी इस बीमारी के चलते अपने बच्चों को न तो खाना खिला सकती हैं और न ही उन्हें स्कूल भेज सकती हैं।

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सादिया के दो बच्चे हैं और दोनों ही हर रात उन्हें अलविदा कहते हैं। उनके मन में ये डर गहरे तक बसा हुआ है कि उनकी मां किसी भी पल मर सकती है।

sadiya















सादिया बताती हैं कि बचपन में उन्हें एक छोटा सा संक्रमण हुआ था और उसके बाद आज ये इस स्थिति में पहुंच गया। सादिया के इलाज के लिए फंड जमा करने वाली संस्था और डॉक्टरों का कहना है कि वो जल्द से जल्द उनका इलाज कराना चाहते हैं।

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डॉक्टरों की मानें तो हर दिन बीतने के साथ ही सादिया के जीने की संभावना कम होती जा रही है।
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