फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Local ›   गरीबों की मदद करना ही सबसे बड़ा पुण्य : मौलाना शेरमोहम्मद

गरीबों की मदद करना ही सबसे बड़ा पुण्य : मौलाना शेरमोहम्मद

Amarujala Local Bureau अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Fri, 14 Jan 2022 05:51 PM IST
विज्ञापन
गरीबों की मदद करना ही सबसे बड़ा पुण्य : मौलाना शेरमोहम्मद
अरशद के घर पहुंचे क्षेत्र के मौलाना। - फोटो : Amar Ujala
गरीबों की मदद करना ही सबसे बड़ा पुण्य : मौलाना शेरमोहम्मद
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी  नगीना । शुक्रवार को नगीना खंड के गावं उमरा में जमीयत उलेमा के सदस्यों ने मौलाना शेर मोहम्मद भादस की अध्यक्षता में एक बैठक की। जिसमें एक सप्ताह पहले कनार्टक में सडक़ दुर्घटना में मरने वाले गांव उमरा निवासी ट्रक ड्राइवर अरशद की मदद का फैसला लिया। मृतक अरशद के परिवार में 3 लडक़ा व 4 लडक़ी सहित सात बच्चें है। मृतक एक बहुत गरीब परिवार से ताल्लुक था। उमरा गांव के मौलाना शेरमोहम्मद ने बताया कि उन्होंने मृतक के कर्ज को अदा कर दिया है। गरीबों की मदद करना सबसे बड़ा पुण्य का कार्य है। उसके बाद जमीयत उलेमा ए भादस की तरफ से कारी जकरिया अध्यक्ष जमीयत उलेमा ने कहा कि 4 महीने घर के खाने का इंतजाम जमीयत उलेमा भादस करेगी। हाफिज रहीश ने कहा कि में उनके परिवार वालों का 4 महीने तक गांव वालों के सहयोग से पूरा ख्याल रखने की कोशिश करेंगे। साबिर मजाहिरी आफिस सचिव जमीयत उलेमा ए मेवात ने कहा जमीयत उलेमा ए मेवात की तरफ से आगे चलकर उनके बच्चों कि तालीम के बारे में गौर फिक्र किया जाएगा और उनके बच्चों के लिए तालीम का इंतजाम किया जाएगा। इस मौके पर मौलवी अख्तर हुसैन, हाफिज रहीश, हाजी बशीर अहमद, हाफिज सहरून, मौलाना आलम, साबिर मजाहिरी के अलावा गांव के काफी लोग मौजूद रहे। फोटो :
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed