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व्हाट्सएप के नए फीचर ने बढ़ाई सुरक्षा एजेंसियों की मुश्किल
एजेंसी / नई दिल्ली
Updated Thu, 07 Apr 2016 05:17 AM IST
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व्हाट्सएप के नए इनक्रिप्शन फीचर से सुरक्षा एजेंसियां चिंतित हैं। उन्होंने अंदेशा जताया है कि राष्ट्र विरोधी तत्व इस सुविधा का इस्तेमाल अपने नापाक मंसूबों की योजना बनाने के लिए कर सकते हैं।
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मैसेजिंग सर्विस प्रदान करने वाले व्हाट्सएप ने हाल ही में अपने यूजर्स को एक नया एंड टू एंड इनक्रिप्शन फीचर दिया है। कंपनी ने अपने यूजर्स को एक लाइन की एडवाइजरी जारी कर बताया है कि अब उनकी बातचीत और संदेशों का कूटलेखन होगा।
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व्हाट्सएप ने भले ही अपने यूजर्स की निजता को और सुरक्षित करने के लिए उन्हें यह सुविधा दी हो लेकिन इससे सुरक्षा एजेंसियों की मुश्किल बढ़ गई है। सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार नए फीचर के कारण अब उनके लिए व्हाट्सएप से भेजे जाने वाले संदेशों और वीडियो तक पहुंचना मुश्किल हो जाएगा।
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ऐसे में यदि सुरक्षा से जुड़ी कोई समस्या खड़ी होती है तो उसका सामना करना बेहद मुश्किल होगा। सुरक्षा एजेंसियों के सामने जम्मू-कश्मीर का उदाहरण सामने है, जहां राष्ट्रविरोधी और अलगाववादी तत्व अफवाहें फैलाने के लिए व्हाट्सएप का इस्तेमाल करते हैं। इसके कारण राज्य में कई बार हिंसक झड़पें हो जाती हैं।
सूत्रों ने बताया कि सिक्योरिटी एजेंसीज इस मामले में टेलीकॉम मंत्रालय से मिलेंगी ताकि देश में यह सेवा चालू होने से पहले बचाव के पर्याप्त उपाय किए जा सकें।
पूर्व में सरकार ब्लैकबेरी इंटरनेट सर्विस, ब्लैकबेरी मैसेंजर और ब्लैकबेरी इंटरप्राइज सर्वर्स पर रोक लगा चुकी है। सरकार ने इन सेवाओं को तभी अनुमति दी, जब कंपनी ने सुरक्षा एजेंसियों को रियल टाइम जानकारी उपलब्ध कराने के लिए देश में एक सर्वर स्थापित किया।