West Bengal: सिलीगुड़ी कॉरिडोर क्षेत्र की सुरक्षा के लिए युद्धाभ्यास करेगी वायुसेना, सुरक्षा इंतजाम और पुख्ता
भारत ने सिलीगुड़ी कॉरिडोर की सुरक्षा मजबूत करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। वायुसेना इस संवेदनशील गलियारे के पास युद्धाभ्यास करने जा रही है और इसके लिए नोटम जारी किया गया है। इस दौरान नागरिक उड़ानें रोक दी जाएंगी। यह क्षेत्र नाकुला और दोकलम के पास है, जहां भारत-चीन के बीच पहले भी तनाव रह चुका है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सिलीगुड़ी कॉरिडोर की सुरक्षा पुख्ता करने के लिए उठाए गए ताजा कदमों के बीच वायुसेना ने इसी संकरे गलियारे के पास युद्धाभ्यास करने का फैसला किया है। इसके लिए नया नोटम यानी नोटिस टू एयरमेन भी जारी कर दिया गया है। नोटम की अवधि में नागरिक विमान उड़ान नहीं भर सकेंगे, ताकि वायुसेना की गतिविधियों के लिए पूरा आसमान खाली रहे। खास बात यह है कि वायुसेना की ओर से चुने गए युद्धाभ्यास का यह स्थान साल 2020 में सिक्किम से सटी सीमा पर भारत और चीन के सैनिकों के बीच हुई झड़प वाली जगह के बिल्कुल करीब है।
यह झड़प उत्तरी सिक्किम के नाकुला सेक्टर में हुई थी। इतना ही नहीं युद्धाभ्यास का यह क्षेत्र भारत, चीन और भूटान के ट्राई जंक्शन इलाके दोकलम के भी एकदम करीब है, जहां 2017 में भारत और चीन के बीच बड़ा सैन्य गतिरोध हुआ था।
ये भी पढ़ें:- Women: किशोरियों के मासिक धर्म पर वैश्विक रिपोर्ट ने दिए महत्वपूर्ण सुझाव...शर्म नहीं, समझ की जरूरत
13 से 20 नवंबर के बीच युद्धाभ्यास
जियो इंटेलिजेंस विशेषज्ञ डेमियन साइमन के मुताबिक, वायुसेना ने इस इलाके में 13 से 20 नवंबर के बीच युद्धाभ्यास करने का फैसला किया है। एक दूसरा नोटम अरुणाचल प्रदेश सीमा के करीब भी जारी किया गया है। तवांग के करीब यह वही इलाका है जहां भारत और चीन के सैनिकों के बीच दिसंबर, 2022 में झड़प हुई थी। साइमन के मुताबिक, इस इलाके में वायुसेना 13 से 15 नवंबर और इसके बाद दोबारा 17 से 19 नवंबर के बीच युद्धाभ्यास करेगी।
ये भी पढ़ें:- चिंताजनक: सदी के अंत तक 2.5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है वैश्विक तापमान, यूएन की रिपोर्ट में चेतावनी