{"_id":"615f68698ebc3e57891e5990","slug":"supreme-court-reprimanded-rajiv-dahiya","type":"story","status":"publish","title_hn":"नाराजगी: सुप्रीम कोर्ट की राजीव दहिया को फटकार, कहा- दुर्व्यवहार की इजाजत नहीं दे सकते","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
नाराजगी: सुप्रीम कोर्ट की राजीव दहिया को फटकार, कहा- दुर्व्यवहार की इजाजत नहीं दे सकते
Fri, 08 Oct 2021 03:06 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, नई दिल्ली।
एजेंसी, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Fri, 08 Oct 2021 03:06 AM IST
सार
पीठ ने कहा, आपने बिना शर्त माफी मांगने की बात रखी है इसलिए आपकी सजा को टाल रहे हैं। देखते हैं कि आपका व्यवहार कैसा रहता है। कोर्ट अगली सुनवाई 11 जनवरी को करेगा।
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट
- फोटो : ani
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सुप्रीम कोर्ट ने बृहस्पतिवार को गैरसरकारी संगठन सुराज इंडिया के चेयरमैन राजीव दहिया से कहा, हम आपको दुर्व्यवहार करने की इजाजत नहीं दे सकते। आप सुधर नहीं रहे। बार बार हमारे फैसले की गलत व्याख्या कर न्यायिक व्यवस्था को बदनाम कर रहे हैं।
विज्ञापन
हालांकि बिना शर्त माफी मांगने को तैयार होने पर कोर्ट ने दहिया की अवमानना की सजा अगले साल जनवरी तक टाल दी है। कोर्ट ने कहा, आपको थोड़ा वक्त दे रहे हैं। हम देखेंगे आगे आप में क्या सुधार होता है, फिर फैसला करेंगे। दहिया को ‘बदनाम करने तथा धमकी देने के लिए 25 लाख रुपये का जुर्माना जमा नहीं करने पर अवमानना का दोषी ठहराया गया है।
विज्ञापन
जस्टिस एसके कौल और जस्टिस एमए सुंदरेश की पीठ ने सुनवाई के दौरान कहा, आप को लगता है कि धमकी देकर आप अपना उल्लू सीधा कर लेेंगे। फिर चाहे वह पीठ हो या अन्य लोग। आपने कहा भी है कि धमकी देकर आप लोगों को पीछे हटने के लिए मजबूर कर सकते हैं। लेकिन हम आपको ऐसा करने नहीं देंगे।
विज्ञापन
दहिया ने कहा, मैंने बिना शर्त माफी मांग ली है और कोर्ट को उनके प्रति दयालु भाव रखना चाहिए। इस पर पीठ ने कहा, हमने दयालु होने की कोशिश की, लेकिन आप ऐसे व्यक्ति नहीं हैं, जो इस दया को बहुत अच्छी तरह से स्वीकार करते हैं। पूरी समस्या यही है। पीठ ने कहा, आपने बिना शर्त माफी मांगने की बात रखी है इसलिए आपकी सजा को टाल रहे हैं। देखते हैं कि आपका व्यवहार कैसा रहता है। कोर्ट अगली सुनवाई 11 जनवरी को करेगा।