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नवाज शरीफ से मिल सकते हैं पीएम मोदी, तो हम ममता बनर्जी से क्यों नहीं: शिवसेना

Wed, 28 Mar 2018 12:35 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 28 Mar 2018 12:35 PM IST
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PM Modi can meet Nawaz Sharif, why can not we meet Mamata Banerjee
संजय राउत

शिवसेना नेता संजय राउत ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से हुई मुलाकात पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि अगर पीएम मोदी पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ से मिल सकते हैं तो हम ममता बनर्जी से क्यों नहीं मिल सकते। 

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संजय राउत ने कहा कि ममता बनर्जी भारतीय हैं और एक राज्य की मुख्यमंत्री हैं और वह पहले NDA की महत्वपूर्ण सदस्य रही हैं। आपको बता दें कि  लोकसभा चुनाव से पहले विपक्षी दलों को एक मंच पर लाने की कोशिशें लगातार तेज होती जा रही हैं।
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इस क्रम में एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने जहां कांग्रेस विरोधी गैरभाजपाई दलों को साधने की जिम्मेदारी ली है। वहीं टीएमसी की मुखिया ममता बनर्जी ने राज्यों में भाजपा के खिलाफ सबसे मजबूत दल की अगुवाई में गठबंधन बनाकर चुनावी जंग में उतरने का फॉर्मूला दिया है। 
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चार दिन के दिल्ली प्रवास पर सोमवार को यहां आई ममता ने मंगलवार को संसद भवन में 10 विपक्षी दलों के नेताओं के साथ ताबड़तोड़ बैठक की। एनसीपी सूत्रों के प्रफुल्ल पटेल और सुप्रिया सुले की उपस्थिति में पवार और ममता के बीच 40 मिनट की अहम बैठक हुई। तीसरा मोर्चा के गठन की समर्थक ममता ने पवार के पांव छुए और उनसे विपक्षी मोर्चा की अगुवाई की अपील की। 

पवार ने ममता को अलग-अलग मोर्चे की जगह भाजपा विरोधी मोर्चा बनाने की दिशा में आगे बढ़ने की सलाह दी। पवार ने कहा कि वह खुद बीजेडी, टीडीपी, टीआरएस जैसे भाजपा के साथ-साथ कांग्रेस विरोधी दलों के मुखिया से मुलाकात कर आम राय बनाने की कोशिश करेंगे।

इस दौरान ममता का कहना था कि भाजपा को अलग-अलग राज्यों में पराजित करने के लिए उन राज्यों में सबसे मजबूत दल की अगुवाई में गठबंधन खड़ा करना चाहिए। उन्होंने कहा कि त्रिपुरा में भी उन्होंने कांग्रेस को साथ आने का निमंत्रण दिया था। बकौल ममता कर्नाटक की जंग में उतरी कांग्रेस को अकेले आगे बढ़ने के बदले जेडीएस को साथ लेना चाहिए। इसी तरह की कोशिश अन्य राज्यों में भी होनी चाहिए।

 

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