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बच्चन परिवार से अब नहीं कोई बातचीत,खत्म हुआ लेन देन का रिश्ता

Sun, 18 Dec 2016 01:50 AM IST
धीरज कनोजिया/अमर उजाला, नई दिल्ली
धीरज कनोजिया/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Sun, 18 Dec 2016 01:50 AM IST
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No relation with Amitabh and family: Amar
- फोटो : Getty images

कुछ साल ही बीते होंगे। जब अमर सिंह और बिग बी अमिताभ बच्चन हर जगह एक साथ दिखाई देते थे। ये भी किसी से छिपा नहीं कि अमिताभ बच्चन के बुरे वक्त में अमर सिंह ने उनका साथ दिया। मगर अब दोनों के रास्ते अलग अलग हो गये हैं।

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अमर सिंह के दिल में इसका दर्द अभी भी बरकरार है। पूछने पर वह काफी सावधानी से बोलते हैं। मगर दर्द तो दर्द है। उनके जवाब में वह दर्द सामने आ गया। वह कहते हैं कि बच्चन परिवार से अब उनकी कोई बातचीत नहीं है। लेन देन का रिश्ता अब खत्म हो गया। राज्यसभा में भी जया बच्चन उनके आसपास की सीट पर ही बैठती है। मगर बातचीत कभी नहीं होती। अमर सिंह को टीस है कि बच्चन के बुरे वक्त के समय में वह साथ खड़े हो गए लेकिन उनके खराब समय में बच्चन परिवार चुप रहा।
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अमर उजाला से खास बातचीत में उन्होंने कहा,नहीं हमारे बीच कोई बातचीत नहीं है। ये हमारा चरित्र है। हम आडंबरी व्यवहार नहीं रखते। हम साथ हैं या साथ नहीं। मन में गांठ पड़ जाए। उसके बाद ऊपरी संबंध नहीं रखते हैं। रिश्तों के बारे में मैं न ढोंगी हूं। न सियासती। न शरारती। चाहे तो अपनाये न चाहे तो ठुकराये। 

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'हमने बोला वे चुप रहे'

No relation with Amitabh and family: Amar
अमर सिंह

अमर सिंह बोलते हैं,मैं बहुत आहत हुआ हूं। वह मेरे जीवन में अपरिहार्य थे। मगर आज ऐसा नहीं है। मेरे उनके बीच में आदान प्रदान का अब कोई रिश्ता नहीं है। छह सालों में उनको जो कुछ करना था। हमारे विरूद्घ प्रचार भी कर दिया। लेकिन शांति से बिना बोले।

हम भी निष्ठुरता से आक्रामक तेवर दिखाते रहे। प्रतिक्रिया देते रहे। उन्होंने शांति से प्रदान किया। हमने मुखरता से प्रदान किया। अब हमारा उनका लेन देन का रिश्ता खत्म है। बच्चन परिवार के खिलाफ बोलने पर वह कहते हैं, हमने बोला वे चुप रहे।

बोल करके हमने हमारे किये उपकार की ऋण की पूरी वसूली की। जितना वह चुप रहे उतना उन्होंने उस ऋण को उतारा। वह कहते हैं, उनके गाढ़े समय में खड़े होने वाले व्यक्ति का सार्वजनिक तिरस्कार उनके लिए पीढ़ा का बड़ा कारण होता। पहले इन लोगों के बारे में प्रश्न पूछे जाते पीढ़ा होती थी। अब कोई आव होती है न टीस होती है। न आंसू निकलते हैं। 

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