फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Need for faculty in the Central Universities including IIT, 8,400 posts vacant

आईआईटी समेत केंद्रीय विश्वविद्यालयों में फैकल्टी की भारी जरूरत, 8,400 पद खाली

Sun, 12 Aug 2018 01:31 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Sun, 12 Aug 2018 01:31 PM IST
विज्ञापन
Need for faculty in the Central Universities including IIT, 8,400 posts vacant

देश भर में केंद्रीय विश्वविद्यालयों में संकाय (फैकल्टी)  सदस्यों के 5,606 से अधिक पद खाली हैं जबकि प्रतिष्ठित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों (आईआईटी) में ऐसी 2,806 रिक्तियां हैं। यह जानकारी मानव संसाधन विकास (एचआरडी) मंत्रालय से सामने आई है। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, भारतीय अभियांत्रिकी विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संस्थान में 1870 पद खाली हैं जबकि भारतीय प्रबंधन संस्थानों में 258 पद खाली है।

विज्ञापन


एचआरडी मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘‘रिक्तियां कम होने वाली हैं और इसे भरना एक निरंतर प्रक्रिया है। सेवानिवृत्ति, इस्तीफे और छात्रों की बढ़ती संख्या के कारण अतिरिक्त आवश्यकताओं के चलते रिक्तियां होती रहती हैं।’’ 
विज्ञापन


अधिकारी ने बताया कि छात्रों की पढ़ाई प्रभावित ना हो यह सुनिश्चित करने के लिए संकाय की कमी से निपटने के वास्ते संस्थान विभिन्न उपाय कर रहे हैं और इसमें अन्य बातों के साथ शोधार्थियों, अनुबंधित, फिर से नौकरी पाने वाले, सहायक और आमंत्रित सदस्यों की सहायता ली जाती है। संस्थान संकाय को आकर्षित करने के लिए साल भर का विज्ञापन भी प्रकाशित करती है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इन संस्थानों के अलावा, कई सारे भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईआईटी) में 324 पद खाली है। प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर स्कूल में 96, भारतीय विज्ञान संस्थान (आईआईएससी) बंगलूरू में 88, भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (आईआईएसईआरएस) में 100 पद खाली हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed