मथुरा कांड पर बयानबाजी, जाट मरे तो सब थे खामोश: यशपाल
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भाजपा नेताओं पर निशाना साधते हुए मलिक ने कहा कि हरियाणा में षड्यंत्र के तहत हुए दंगों में 18 जाटों की हत्या कर दी गई तो इन नेताओं के मुंह से एक शब्द नहीं निकला। आने वाले समय में जाटों को इस दोहरी नीति का जवाब देने के लिए तैयार रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि जाटों को दूसरे समाजों से अलग-थलग करने की साजिश हो रही है।
जो समाज हर वक्त जाटों के साथ रहते थे। उन्हें बरगलाकर दूर किया जा रहा है। लेकिन अब वक्त आ गया है उन बिरादरियों को अपने साथ वापस मिलाना होगा। उन्होंने कहा कि आरक्षण पर जाट का अधिकार है। वह हक के लिए आरक्षण मांग रहा है।
जाट के समकक्ष बिरादरियों को न जाने कब का आरक्षण मिल गया है तो जाट को आरक्षण देने में दिक्कत क्या है? उन्होंने कहा कि पहले आरक्षण की लड़ाई थी अब उन्हें साजिशों के खिलाफ भी एक जंग लड़नी होगी। 2017 में विधानसभा और 2019 में लोकसभा चुनाव हैं। इससे पहले देश के हर जाट को केंद्रीय सेवाओं के साथ हर प्रदेश में आरक्षण चाहिए।
हरियाणा में गलत बयानी और यूपी में अपनापन
मलिक ने कहा कि भाजपा नेता हरियाणा में जाटों के खिलाफ गलत बयानी कर रहे हैं। उनके इशारे पर वहां के अधिकारी भी जाटों के खिलाफ काम कर रहे हैं। वही भाजपा यूपी में जाटों से अपनापन जता रही है।
साजिश के तहत कराए गए दंगे
यशपाल मलिक ने कहा कि हरियाणा में साजिश के तहत दंगे कराए गए। शांतिपूर्ण आंदोलन में जाट-गैर जाट का जहर घोलकर 18 जाटों की हत्या करा दी गई। अब हरियाणा में उल्टे जाटों पर ही अत्याचार किए जा रहे हैं। झूठे मुकदमे लिखकर सैकड़ों को जेल में डाल दिया है। मलिक ने कहा कि हरियाणा के जाट अधिकार के तहत शांतिपूर्ण आंदोलन चलाकर आरक्षण मांग रहे थे। उन्होंने कहा कि देश की रक्षा करने वाले जाटों पर फर्जी लूटपाट, बलात्कार, कत्ल जैसे तमाम घृणित आरोप लगाए जा रहे हैं।