सोशल साइट्स से 12 लाख जुटा कराई दुर्लभ सर्जरी
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सोशल साइट्स सिर्फ मनोरंजन के लिए नहीं है बल्कि जरूरत पड़ने पर इसके जरिये आपको आर्थिक मदद भी मिल सकती है। लखनऊ के एक व्यक्ति के लिए सोशल साइट्स उसे दूसरी जिंदगी देने में मददगार हुई। सोशल साइट्स के माध्यम से करीब 12 लाख रुपये इकट्ठा हुए जिसकी वजह से दिल्ली के एक निजी अस्पताल में उनकी दुर्लभ सर्जरी हो पाई।
अब वे पूरी तरह से ठीक हैं और अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है। पेशे से इलेक्ट्रिशियन लखनऊ के ताकी हसन (35) के पास इतने पैसे नहीं थे कि वह बार-बार अपनी सर्जरी के लिए पैसे खर्च कर पाए। चार सर्जरी के बाद ताकी के पास पैसे नहीं बचे थे लेकिन सिर में ट्यूमर फैलता जा रहा था और उसकी दाईं आंख भी खराब हो चुकी थी।
यदि सर्जरी नहीं होती तो उसकी जान जा सकती थी। इसके बाद आस्ट्रेलिया में रहने वाले ताकी के एक रिश्तेदार नसीम अजमल ने सोशल साइट्स की मदद से सर्जरी के लिए पैसे इकट्ठा करने का सुझाव दिया और पहल भी की। अजमल ने बताया कि व्हाट्स ऐप और फेसबुक के माध्यम से करीब 12 लाख रुपये इकट्ठा किए। आस्ट्रेलिया के सिख वेलफेयर एसोसिएशन से एक लाख रुपये मिले।
इसके अलावा कनाडा, अमेरिका और दुबई से कई लोगों ने 10 हजार और 20 हजार रुपये तक की मदद की। सोशल साइट्स से मिली जानकारी के आधार पर कुछ रिश्तेदारों और जानकारों ने भी आर्थिक मदद की
सिर में गंभीर चोट आई इसके बाद सिर में ट्यूमर विकसित हो गया
लखनऊ के हुसैनाबाद के रहने वाले ताकी हसन आस्ट्रेलिया में इलेक्ट्रिशियन का काम करते थे। एक दुर्घटना में उन्हें सिर में गंभीर चोट आई इसके बाद सिर में ट्यूमर विकसित हो गया। चार बार लखनऊ में सर्जरी कराई गई लेकिन इसके बाद भी ट्यूमर हो जा रहा था।
इस बार ट्यूमर नेत्र गोलक (आई बॉल) एवं चेहरे पर तेजी से फैल रहा था और लगभग ब्रेन सेल्स तक पहुंच गया था। दाईं आंख भी खराब हो गई थी जिसे निकालना पड़ा। चेहरे को ठीक करने के लिए कमर के पास से स्किन लेकर चेहरे की रि-कंस्ट्रक्टिव सर्जरी की गई।
दिल्ली के वसंत कुंज स्थित फोर्टिस अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक मनदीप मल्होत्रा और डॉ. राणा पातिर के नेतृत्व में चिकित्सकों की टीम ने 16 घंटे में सर्जरी पूरी की। सर्जरी कर दाहिने ललाट से 11 सेमी गुणा सात सेमी आकार ट्यूमर निकाला गया। दाहिने ललाट के साइनस एवं दाएं आर्बिट से जुड़े ठोस अल्सर को भी निकाल दिया गया। अब वे पूरी तरह से ठीक हैं और अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी हैं।