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सातवें चरण के मतदान से पहले विपक्ष को एकजुट करने के लिए सोनिया सक्रिय
Thu, 16 May 2019 03:05 AM IST
गौरव द्विवेदी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: गौरव द्विवेदी
Updated Thu, 16 May 2019 03:05 AM IST
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सोनिया गांधी (फाइल फोटो)
सातवें चरण के मतदान से पहले यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी ने विपक्षी दलों को एकजुट करने की कवायद तेज कर दी है। सोनिया ने विपक्ष दलों के प्रमुख नेताओं को फोन करके जानकारी ली है कि वे 22, 23 और 24 मई को दिल्ली में रहेंगे कि नहीं। माना जा रहा है कि कांग्रेस विपक्षी दलों की बैठक बुलाकर यह संदेश देने की कोशिश करेगी कि भले ही वह कई राजनीतिक पार्टियों के साथ प्री-पोल गठजोड़ का हिस्सा न हों, लेकिन सभी मोदी के खिलाफ लड़े और एकजुट हैं।
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सूत्रों की मानें तो सोनिया गांधी चाहती हैं कि कमलनाथ इस अभियान को लीड करें। वे सभी छोटे-बड़े दलों तक कांग्रेस की पहुंच बनाएं और उन्हें यूपीए में शामिल होने का न्यौता दें। एक ओर जहां भाजपा बहुमत के साथ सरकार में आने का दावा कर रही है, तो वहीं कांग्रेस ने भी भाजपा को रोकने के लिए कमर कस ली है और 23 मई के लिए तैयारियां तेज कर दी है।
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मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ वर्तमान में कांग्रेस में बड़ी हैसियत रखते हैं। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में उनकी वापसी कांग्रेस में उनका कद और उनके प्रति विश्वास दरसाती है। पिछले दिनों एक रैली में उन्होंने मंच से दावा किया था कि पीएम मोदी का कार्यकाल बस कुछ दिनों का रह गया है। लोकसभा चुनाव के लिए भी वह कांग्रेस के स्टार प्रचारकों में अहम स्थान रखते हैं। ऐसे में देखा जाए तो सभी दलों को यूपीए के लिए एकजुट करने की जिम्मेदारी देकर सोनिया उनसे बड़ी उम्मीद रखती हैं।
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