ISKP Module Case: दो लोगों को हैदराबाद से गुजरात ले आई ATS, आईएसकेपी मॉड्यूल मामले में पूछताछ जारी
ISKP Module Case: गुजरात आतंकवाद रोधी दस्ता (एटीएस) दो लोगों को हैदराबाद से अहमदाबाद लाया है और उनसे आईएसकेपी मॉड्यूल मामले में गिरफ्तार सूरत की एक महिला के साथ कथित तौर पर संपर्क में रहने के लिए पूछताछ कर रहा है।
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गुजरात आतंकवाद रोधी दस्ता (एटीएस) दो लोगों को हैदराबाद से अहमदाबाद लाया है और उनसे आईएसकेपी मॉड्यूल मामले में गिरफ्तार सूरत की एक महिला के साथ कथित तौर पर संपर्क में रहने के लिए पूछताछ कर रहा है। एक अधिकारी ने गुरुवार को यह जानकारी दी।
एटीएस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि हैदराबाद से एक पुरुष और एक महिला को लाया गया है और उन्हें इस मामले में न तो हिरासत में लिया गया है और न ही गिरफ्तार किया गया है। सूत्रों ने बताया कि दोनों से गहन पूछताछ की जा रही है, क्योंकि वे कथित तौर पर सूरत की महिला सुमेराबानू मालेक के संपर्क में थे, जो इस्लामिक स्टेट ऑफ खुरासान प्रोविंस (आईएसकेपी) मॉड्यूल मामले में पहले गिरफ्तार किए गए पांच लोगों में से एक थी।
एटीएस ने नौ जून को कहा था कि उसने एक आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है और अंतरराष्ट्रीय सलाफी-जिहादी संगठन और संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित आतंकवादी संगठन आईएसकेपी के साथ कथित संबंधों को लेकर तीन लोगों और मालेक को गिरफ्तार किया है। श्रीनगर के रहने वाले तीन लोगों उबेद नासिर मीर, हनान हयात शोल और मोहम्मद हाजिम शाह को पोरबंदर से जबकि मालेक को सूरत से हिरासत में लिया गया था।
एटीएस ने जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर निवासी पांचवें आरोपी जुबैर अहमद मुंशी को 12 जून को गिरफ्तार किया था। उसके खिलाफ गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। एटीएस ने कहा कि पांचों आरोपियों को अबू हमजा नाम के हैडंल ने कट्टरपंथी बनाया था। एटीएस आरोपियों के क्लाउड स्टोरेज अकाउंट तक पहुंचने में कामयाब रही और उसे एक वीडियो मिला, जिसमें उन्हें धारदार हथियार दिखाते हुए आईएसकेपी के प्रति निष्ठा की शपथ लेते हुए देखा गया था।
एजेंसी ने कहा कि अबू हमजा के निर्देश पर नौ जून को गिरफ्तार किए गए तीन लोग नौकाओं पर मछुआरों के रूप में काम करने के लिए पोरबंदर पहुंचे थे ताकि वे अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा पार कर ईरान के रास्ते अफगानिस्तान पहुंच सकें और आईएसकेपी में शामिल हो सकें।