फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Fungus with Covid19 so far killed more than three thousand

दवाओं का बेहिसाब इस्तेमाल: कोरोना के साथ फंगस से अब तक तीन हजार से ज्यादा की मौत

Tue, 29 Jun 2021 06:14 AM IST
देव कश्यप अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: देव कश्यप Updated Tue, 29 Jun 2021 06:14 AM IST
सार

  • मंत्री समूह की बैठक में अधिकारियों ने पहली बार दी जानकारी
  • कोरोना के साथ स्टेरॉयड युक्त दवाओं का बेहिसाब इस्तेमाल करने से 53 फीसदी हुए फंगस के शिकार

विज्ञापन
Fungus with Covid19 so far killed more than three thousand
ब्लैक फंगस के मरीज की जांच करते डॉक्टर - फोटो : पीटीआई

विस्तार

कोरोना के साथ फंगस होने के बाद देश में अब तक तीन हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। इतना ही नहीं 53 फीसदी फंगस मरीजों में संक्रमण की वजह स्टेरॉयड युक्त दवाओं का अत्यधिक सेवन मिला है। सोमवार को मंत्री समूह की बैठक में पहली बार अधिकारियों ने फंगस से जुड़ी जानकारियों को साझा किया।

विज्ञापन


इन्होंने बताया कि देश में अब तक 40,845 लोग फंगस के चलते अस्पतालों में भर्ती हुए हैं जिनमें से 31,344 मरीज ऐसे हैं जिन्होंने कोरोना संक्रमण के साथ स्टेरॉयड या फिर अन्य दवाओं का सेवन किया। इस बीच इनकी प्रतिरोधक क्षमता काफी कमजोर रही और वातावरण में मौजूद अन्य प्रकार के संक्रमण की चपेट में आने के बाद फंगस के शिकार हुए। अब तक देश में 3,129 लोगों की मौत हो चुकी है। अधिकारियों ने यह भी बताया कि 34,940 (85.5 फीसदी) फंगस रोगियों में कोरोना संक्रमण भी पाया गया। वहीं 26,187 (64.11फीसदी)  मरीजों में फंगस से पहले मधुमेह इत्यादि सह रूग्णता पाई गई। इनके अलावा 21,523 (52.69 फीसदी) मरीजों में स्टेरॉयड युक्त दवाओं का अधिक इस्तेमाल फंगस की वजह बना।
विज्ञापन


कोरोना महामारी को लेकर राज्यवार स्थिति की समीक्षा करने के लिए सोमवार को मंत्री समूह की बैठक हुई थी। इसमें स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने अध्यक्षता करते हुए जिलावार स्थिति के बारे में जानकारी हासिल की थी। इस दौरान मंत्रालय के अलावा एनसीडीसी, आईसीएमआर, नीति आयोग, डीबीटी सहित तमाम विभागों के शीर्ष अधिकारी भी मौजूद थे। इसी दौरान फंगस को लेकर जब अधिकारियों से जानकारी मांगी गई तो उन्होंने पहली बार न सिर्फ संक्रमण और मौत, बल्कि उसके पीछे की वजह और आयुवर्ग के बारे में जानकारी उपलब्ध कराई।
विज्ञापन
विज्ञापन


45-60 वर्ष वालों को सबसे ज्यादा फंगस के शिकार
अधिकारियों ने बताया कि कोरोना के साथ फंगस का संक्रमण सबसे ज्यादा 42 फीसदी 45 से 60 वर्ष की आयु वालों में हुआ है। इस आयु के अब तक 17464 लोग संक्रमित मिल चुके हैं। जबकि 60 वर्ष से अधिक आयु वाले 24 फीसदी यानि 10082 मरीज मिले। गौर करने वाली बात है कि देश भर के अस्पतालों में 32 फीसदी मरीज 18 से 45 वर्ष की आयु के मिले हैं। अलग अलग राज्यों से जानकारी मिलने के बाद अधिकारियों ने बताया कि देश में 13083 मरीज इस आयुवर्ग में मिल चुके हैं।


कोविड सम्मत व्यवहार का करें पालन
डॉ. हर्षवर्धन ने कहा कि अनलॉक के दौरान लोगों को कोविड सम्मत व्यवहार करने पर जोर देना होगा। लोगों की सतर्कता से मामलों में गिरावट आई और रिकरवी दर में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वहीं आईसीएमआर के महानिदेशक डॉ. बलराम भार्गव ने कहा कि दूसरी लहर का असर अभी कम हुआ है, लेकिन खत्म नहीं। देश के 80 जिलों में अभी भी पॉजिटिविटी दर ज्यादा है। मौजूदा स्थिति में बिलकुल भी लापरवाही नहीं करनी चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि कोरोना के सभी स्वरूपों पर टीके प्रभावी हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed