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अस्पताल से डिस्चार्ज हुए 'चीता', पत्नी बोली- इच्छाशक्ति ने लौटाई जिंदगी
amarujala.com- Presented by: जया पाण्डेय
Updated Wed, 05 Apr 2017 02:56 PM IST
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अस्पताल से डिस्चार्ज हुए चेतन चीता
- फोटो : ANI
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जम्मू कश्मीर में आतंकवादियों से लोहा लेते हुए घायल हुए सीआरपीएफ कमांडेंट चेतन चीता को होश आने के बाद आज अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है। आपको बता दें कि चीता 2 महीने से कोमा में थे। चेतन के होश में आने के बाद उनसे गृह राज्य मंत्री किरण रिजिजू अस्पताल मिलने पहुंचे थे।
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एम्स के ट्रामा सेंटर के डॉक्टरों ने मंगलवार को मीडिया से कहा कि चीता का होश में आना किसी चमत्कार से कम नहीं है। उनकी हालत काफी सुधर चुकी है।
चीता को जब अस्पताल लाया गया था तब उनकी हालत बहुत खराब थी। उनका शरीर का ऊपरी हिस्सा क्षतिग्रस्त था। इसके अलावा उनके सिर और आंखों में भी गंभीर चोटें थीं। डॉक्टरों ने बताया कि अब उनकी हालत स्थिर है।
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चीता की पत्नी उमा सिंह ने कहा कि ये अस्पताल प्रशासन के साथ-साथ उनके पति की इच्छाशक्ति का भी नतीजा है। उन्होंने बताया कि उनके पति मजबूत इरादों वाले व्यक्ति हैं। उन्होंने बताया कि वो हर दिन उनसे फोन पर बात करते थे। लेकिन घटना वाले दिन उनकी पति से बात नहीं हो पाई जिससे उन्हें कुछ अनहोनी का अंदेशा हो गया था। कंट्रोल रूप पर फोन करने पर पता चला कि आतंकियों से मुठभेड़ में वो घायल हो गए हैं।
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चीता का इलाज कर रहे डॉक्टरों ने बताया कि उनके इलाज के लिए अलग-अलग टीम बनाई गई थी। अस्पताल लाने के 24 घंटे के अंदर उनके सिर की सर्जरी की गई थी। उनकी आंखों का इलाज किया गया लेकिन उनकी दाईं आंख ठीक नहीं हो पाई।
आपको बता दें कि 14 फरवरी को चीता आतंकवादियों से हुई मुठभेड़ में घायल हो गए थे। जबकि इस मुठभेड़ में 3 जवान शहीद हुए थे। इलाके में आतंकवादियों को पकड़ने के लिए सर्च अभियान चलाया गया था जिसकी अगुवाई चीता ही कर रहे थे। आतंकवादियों के इलाके पर सर्च टीम के पहुंचते ही आतंकवादियों ने उन पर गोलियां चलानी शुरू कर दी थी जिसमें चीता को 9 गोलियां लगी थीं। इस हमले में चीता ने अबू हारिस नाम के आतंकी को मौत के घाट उतार दिया था।