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अमर उजाला पोल: लोगों का कहना 'हां' लाचार हैं पाक पीएम शरीफ
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Fri, 07 Oct 2016 06:15 PM IST
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इन दिनों देश के राजनैतिक गलियारों में बयान बाजी का का माहौल बना हुआ। भारत द्वारा 29 सितंबर को की गई सर्जिकल स्ट्राइक पाकिस्तान के लिए विवाद का विषय बन गई है। जहां एक ओर भारत इस कार्रवाई के सबूत पेश कर चुका है वहीं पाकिस्तान अपने बार-बार बदले बयानो के कारण अंतराष्ट्रीय स्तर पर चौतरफा घिर चुका है। भारत की इस सर्जिकल स्ट्राइक को लेकर पाकिस्तान रोज अलग अलग बयान दे रहा है। भारत द्वारा पूरी दुनिया में आतंकवाद के मुद्दे पर पाकिस्तान को अलग-थलग करने के प्रयासों के बीच पड़ोसी देश पर दबाव बढ़ गया है।
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पाकिस्तान की नवाज शरीफ सरकार ने पहली बार सैन्य नेतृत्व को सख्त चेतावनी दी है कि विश्व समुदाय से यदि अलग-थलग होना नहीं चाहते हें तो आतंकियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करनी पड़ेगी। पाकिस्तान के प्रतिष्ठित अखबार डॉन ने अपनी खबर में इसे सरकार द्वारा सेना को दी गई एक गोपनीय व अभूतपूर्व चेतावनी करार दिया है। भारत की सर्जिकल स्ट्राइक के बाद अंतराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ते दबाव के कारण नवाज शरीफ सरकार ने पहली बार सैन्य नेतृत्व को सख्त चेतावनी दी है कि विश्व समुदाय से यदि अलग-थलग होना नहीं चाहते हें तो आतंकियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करनी पड़ेगी।
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नवाज सरकार की इसी चेतावनी के बारे में जनता की राय जानने के लिए अमर उजाला डॉट कॉम ने इस विषय पर पोल का आयोजन किया। पोल में जनता से सवाल पूछा गया कि 'नवाज शरीफ की पाक सेना को चेतावनी क्या मोदी सरकार के दबाव का नतीजा है'। अपने इस पोल में हमेशा की तरह हमने पाठकों को तीन विकल्प दिए थे। जिसमे हमारा पहला विकल्प 'हां' दूसरा विकल्प 'नहीं' और तीसरा विकल्प 'कह नहीं सकते' था। इस सवाल पर हमे कुल 9214 वोट प्राप्त हुए हैं। हमें प्राप्त वोटों में सबसे ज्यादा वोट हमें हां मे मिले हैं। इस विकल्प पर 66.79 प्रतिशत यानि 6154 पाठकों ने वोट किया है। वहीं 31.01 प्रतिशत यानि 2857 लोगों ने नहीं में वोट किया है, और 2.2 प्रतिशत यानि 203 पाठकों ने हमारे तीसरे विकल्प 'कह नहीं सकते' पर वोट किया है।
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