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अमित शाह की सभा के लिए नहीं मिला सरकारी आडिटोरियम, भड़के प्रदेश भाजपा अध्यक्ष
ब्यूरो, अमर उजाला, कोलकाता
Updated Thu, 22 Mar 2018 06:42 PM IST
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भाजपा ने महानगर के एक सरकारी आडिटोरियम में अमित शाह की सभा की अनुमति नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए राज्य सरकार की खिंचाई की है। पार्टी ने इसे बदले की राजनीति का नतीजा करार दिया है।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष ने बृहस्पतिवार को यहां बताया कि पार्टी ने नौ अप्रैल को नेताजी इंडोर स्टेडियम में अमित शाह की सभा आयोजित करने की अनुमति मांगी थी। इस स्टेडियम का संचालन युवा व खेल मंत्रालय करता है।
घोष ने बताया कि पहले से इसके बुक होने की दलील देते हुए प्रशासन ने शाह की सभा की अनुमति देने से इंकार कर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसी चीजें पहली बार नहीं हो रही हैं। इससे पहले भी सरकार ने पार्टी को यहां एक रैली के आयोजन की अनुमति नहीं दी थी। बाद में अदालत के हस्तक्षेप पर ही सभा का आयोजन किया जा सका था।
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घोष ने बताया कि बीते साल सितंबर में भी उसी स्टेडियम में शाह की एक सभा का कार्यक्रम था। लेकिन राज्य प्रशासन से अनुमति नहीं मिलने की वजह से आखिरी मौके पर वह सभा रद्द करनी पड़ी थी।
दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस महासचिव पार्थ चटर्जी ने बदले की राजनीति के भाजपा के आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा है कि स्टेडियम का संचालन युवा व खेल मंत्रालय करता है। इसमें तृणमूल कांग्रेस या राज्य सरकार की कोई भूमिका नहीं है। चटर्जी का सवाल है कि जब स्टेडियम खाली ही नहीं है तो किसी को कैसे दिया जा सकता है?
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प्रदेश भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष ने बृहस्पतिवार को यहां बताया कि पार्टी ने नौ अप्रैल को नेताजी इंडोर स्टेडियम में अमित शाह की सभा आयोजित करने की अनुमति मांगी थी। इस स्टेडियम का संचालन युवा व खेल मंत्रालय करता है।
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घोष ने बताया कि पहले से इसके बुक होने की दलील देते हुए प्रशासन ने शाह की सभा की अनुमति देने से इंकार कर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसी चीजें पहली बार नहीं हो रही हैं। इससे पहले भी सरकार ने पार्टी को यहां एक रैली के आयोजन की अनुमति नहीं दी थी। बाद में अदालत के हस्तक्षेप पर ही सभा का आयोजन किया जा सका था।
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घोष ने बताया कि बीते साल सितंबर में भी उसी स्टेडियम में शाह की एक सभा का कार्यक्रम था। लेकिन राज्य प्रशासन से अनुमति नहीं मिलने की वजह से आखिरी मौके पर वह सभा रद्द करनी पड़ी थी।
दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस महासचिव पार्थ चटर्जी ने बदले की राजनीति के भाजपा के आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा है कि स्टेडियम का संचालन युवा व खेल मंत्रालय करता है। इसमें तृणमूल कांग्रेस या राज्य सरकार की कोई भूमिका नहीं है। चटर्जी का सवाल है कि जब स्टेडियम खाली ही नहीं है तो किसी को कैसे दिया जा सकता है?