{"_id":"595449014f1c1bb70b8b483d","slug":"amarnath-yatra-faith-unshakable-despite-evil-disruption-attempts","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाथों में तिरंगा लिए भोले के भक्त बोले, आतंकी-अलगाववादी नहीं रोक सकते राह","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
हाथों में तिरंगा लिए भोले के भक्त बोले, आतंकी-अलगाववादी नहीं रोक सकते राह
बृजेश कुमार सिंह/ अमर उजाला, जम्मू
Updated Thu, 29 Jun 2017 09:55 AM IST
विज्ञापन
- फोटो : file photo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आतंकी घटनाओं, पत्थरबाजी और पाक की गोलाबारी से सुलग रही घाटी में भोले के भक्तों की आस्था भारी पड़ती दिख रही है। कड़ी सुरक्षा में बुधवार तड़के आधार शिविर भगवती नगर जम्मू से बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए 2280 अमरनाथ यात्रियों का पहला जत्था रवाना हुआ। जबकि पिछले साल पहले जत्थे में इनकी तादाद 1282 और 2015 में 1280 थी। इस साल पहले जत्थे में ही आस्थावानों की संख्या में करीब एक हजार की वृद्धि यह दर्शाती है कि आतंक से आस्था की राह रोकी नहीं जा सकती।
विज्ञापन
बाबा के भक्त बोले, आतंकी तथा अलगाववादी किसी भी कीमत पर बाबा बर्फानी के दर पर जाने से नहीं रोक सकते। आधार शिविर भगवती नगर जम्मू से उपमुख्यमंत्री डॉ. निर्मल सिंह के साथ पर्यटन राज्यमंत्री प्रिया सेठी ने हरी झंडी दिखाकर जत्थे को रवाना किया। जत्था रवाना होने से पहले पूरा भगवती नगर परिसर भक्तिमय हो गया था। चारों ओर बाबा भोले के जयघोष हो रहे थे।
विज्ञापन
तिरंगा लहरा रहा था। जंगम (पारंपरिक शिवभक्त) द्वारा गाए जा रहे भोले के गीतों पर हर उम्र के श्रद्धालु जमकर थिरके। यात्रा के रवाना होने से पहले ही आधार शिविर में श्रद्धालुओं का उत्साह देखते बन रहा था। कोई बस में सेल्फी ले रहा था तो कोई मित्रों तथा परिवार के साथ फोटो खिंचवा रहा था।
विज्ञापन
तिरंगा कश्मीर में भी लहराएंगे, डर किस बात का
बिहार के जहानाबाद जिले से तीन साथियों के साथ आए राकेश कुमार शर्मा तिरंगा लहराते हुए कहते हैं कि भोले के भक्त खतरों से खेलने के आदी हैं। आतंकी और अलगाववादी क्या करेंगे। यहां भी तिरंगा लहरा रहे हैं और कश्मीर में भी लहराएंगे, डर किस बात का। जौनपुर के मछली शहर की राधिका देवी ने कहा कि टीवी पर आए दिन घाटी में हो रहे हमलों तथा पत्थरबाजी से पहले तो यहां आने में डर लग रहा था। आस-पड़ोस के लोगों ने भी मना किया, लेकिन भोले की मर्जी थी सो चले आए। कहा कि अब किसी बात का डर नहीं लग रहा।
सीआरपीएफ के बैंड ने माहौल को और भक्तिमय किया
आधार शिविर में सीआरपीएफ के बैंड ने माहौल को और भक्तिमय बना दिया। पहली बार जत्थे के रवाना होने के दौरान सीआरपीएफ का बैंड शामिल हुआ था।