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अमर उजाला पोल: पाठकों की राय- पद्मावत पर करणी सेना का रवैया हठधर्मिता पूर्ण
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Sat, 20 Jan 2018 07:19 PM IST
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फिल्म पद्मावत का देशभर में विरोध जारी है। बहुत से संगठन फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग एक बार फिर से कर रहे हैं।
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फिल्म पर बैन लगाने की ऐसी ही एक याचिका वकील मनोहर लाल शर्मा ने सुप्रीम कोर्ट में दायर की थी। जिसे की शीर्ष अदालत ने खारिज कर दिया है। कोर्ट का कहना है कि लोगों की सुरक्षा की जिम्मेदारी राज्य की है ना कि हमारी। वकील का दावा था कि सीबीएफसी द्वारा फिल्म को दिया गया सर्टिफिकेट गैरकानूनी है।
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सुप्रीम कोर्ट के तीन जजों की बेंच, जिसकी अध्यक्षता चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (सीजेआई) दीपक मिश्रा कर रहे थे उन्होंने कहा कि कोर्ट का काम सविंधान के अंतर्गत काम करना है और उन्होंने कल ही अपने अंतरिम आदेश में कहा था कि राज्य किसी फिल्म की स्क्रिनिंग को रोक नहीं सकते हैं।
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वहीं सीबीएफसी अध्यक्ष के राजस्थान में एंट्री पर करणी सेना ने रोक लगाने की धमकी दी है। राजपूत करणी सेना के सुखदेव सिंह का कहना है कि वो केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (सीबीएफसी) अध्यक्ष प्रसून जोशी को राजस्थान में घुसने नहीं देंगे।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पद्मावत मामले पर कहा है कि वो कानूनी सलाह ले रहे हैं। उन्होंने कहा- मैंने अपने महाधिवक्ता (एडवोकेट जनरल) को आदेश पढ़ने के लिए कहा है, मैंने अभी तक उसे देखा नहीं है। यदि होगा तो हम फैसले को पढ़ने के बाद अपनी चिंताएं सुप्रीम कोर्ट के सामने रखेंगे।
इस विषय पर अमर उजाला डॉट.कॉम ने पोल कराया और पाठकों से सवाल पूछा कि 'क्या पद्मावत को लेकर करणी सेना का रवैया हठधर्मिता पूर्ण है? सवाल के जवाब में पाठकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
कुल 4248 पाठकों ने पोल में हिस्सा लिया। 62.48 फीसदी (2654 वोट) ने माना कि करणी सेना का रवैया हठधर्मिता पूर्ण है। जबकि 37.52 फीसदी पाठकों (1594 वोट) पाठकों ने माना कि उनका रवैया हठधर्मिता पूर्ण नहीं है।