फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   amar ujala poll: Bureaucracy is responsible for bad statues in is of doing buisiess

अमर उजाला पोल: 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' में भारत के पिछड़ने के लिए नौकरशाही जिम्मेदार

Fri, 28 Oct 2016 04:50 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली Updated Fri, 28 Oct 2016 04:50 PM IST
विज्ञापन
amar ujala poll: Bureaucracy is responsible for bad statues in is of doing buisiess
poll

वर्ल्ड बैंक की रिपोर्ट में सहज कारोबार करने में भारत की स्थिति पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नाराजगी जाहिर की। दरअसल, भारत 90 देशों की सूची में 130वें पायदान पर आया। इसके ऊपर पीएम मोदी ने शीर्ष नौकरशाहों से कहा है कि वर्ल्ड बैंक की टिप्पणियों का अध्ययन कर सरकार को रिपोर्ट दें। 

विज्ञापन


16वें प्रगति (प्रो-एक्टिव गवर्नेंस ऐंड टाइमली इंप्लिमेंटेशन) सम्मेलन में बोलते हुए पीएम मोदी ने नौकरशाहों से कहा कि इस मामले पर फीडबैक दे। उन्होंने शीर्ष नौकरशाह कैबिनेट सचिव प्रदीप कुमार सिन्हा को कहा है कि वे अलग-अलग क्षेत्रों में ऐसे विषयों को चिन्हित करें जिसमें अभी सुधार की गुंजाइश है।
विज्ञापन


इसी विषय पर अमर उजाला डॉट कॉम ने अपने पाठकों की राय जानने की कोशिश की। सवाल किया गया कि 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' में भारत के पिछड़ने के लिए कौन जिम्मेदार है? इसमें पाठकों को तीन विकल्प दिए गए पहला केंद्र सरकार, दूसरा राज्य सरकार और तीसरा नौकरशाही।
विज्ञापन
विज्ञापन


कुल 4,635 पाठकों ने पोल में हिस्सा लिया, जिसमें सबसे अधिक 41.96 फीसदी यानी 1,945 पाठकों ने तीसरे विकल्प को चुना। इनका मानना है कि भारत के पिछड़ने के लिए नौकरशाही जिम्मेदार है। वही 33.68 फीसदी यानी 1,561 पाठकों ने केंद्र सरकार को जिम्मेदार माना है।  24.36 फीसदी यानी 1,129  पाठकों ने केंद्र सरकार को जिम्मेदार ठहराया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed