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Hindi News ›   Fact Check ›   VIF event in Delhi shared as Afghan Foreign Minister Amir Khan Muttaqis press conference on 10 October 2025

Fact Check: अफगानिस्तानी विदेश मंत्री की कॉन्फ्रेंस में महिला पत्रकारों से जुड़ी भ्रामक तस्वीर हो रही वायरल

Tue, 14 Oct 2025 09:16 PM IST
संध्या फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला
फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला Published by: संध्या Updated Tue, 14 Oct 2025 09:16 PM IST
सार

Fact Check: सोशल मीडिया पर एक तस्वीर शेयर करे दावा किया जा रहा है कि आमिर खान मुत्तकी की प्रेस कॉन्फेंस से महिला पत्रकारों को बाहर नहीं रखा गया। हमारी पड़ताल में यह दावा गलत निकला। 

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VIF event in Delhi shared as Afghan Foreign Minister Amir Khan Muttaqis press conference on 10 October 2025
फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

अफगानिस्तान के विदेश मंत्री आमिर खान मुत्तकी ने नई दिल्ली स्थित अफगान दूतावास में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में महिला पत्रकारों को शामिल होने की अनुमति नहीं थी, जिसे लेकर विवाद हुआ। अब सोशल मीडिया पर एक तस्वीर वायरल हो रही है जिसमें एक हॉल में एक कॉन्फ्रेंस हो रही है जिसमें कुछ महिलाओं सहित अन्य कई लोग बैठे हैं। इस तस्वीर को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि 10 अक्टूबर 2025 को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में महिला पत्रकार भी मौजूद थीं, इससे अफगान दूतावास की प्रेस कॉन्फ्रेंस में महिला पत्रकारों को शामिल नहीं करने के दावे का खंडन किया जा रहा है। 

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अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में इस दावे को गलत पाया है। हमारी पड़ताल में सामने आया कि वायरल तस्वीर में अफगानिस्तान के विदेश मंत्री आमिर खान मुत्ताकी की 10 अक्टूबर 2025 को अफ़ग़ानिस्तान दूतावास में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में मौजूद महिला पत्रकार नहीं हैं, यह तस्वीर दिल्ली स्थित विवेकानंद इंटरनेशनल फाउंडेशन के एक कार्यक्रम की है, जहां मुत्ताकी ने भारत और अफगानिस्तान के आर्थिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक संबंधों पर बात की थी।

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क्या है दावा 

इस तस्वीर को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि 10 अक्टूबर 2025 को अफगान दूतावास में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में महिला पत्रकार भी शामिल थीं। 

मुकेश जोशी (@joshi_muke66373) नाम के एक एक्स यूजर ने इस वीडयो को शेयर करके लिखा “सच यह भी है कि आज अफ़ग़ानिस्तान के विदेश मंत्री की प्रेस कांफ्रेंस में महिला रिपोर्टर्स मौजूद थीं. फोटो देखिये और गिन लीजिये कितनी महिलाएं हैं... मुझे तो 8-10 दिख रही हैं। लेकिन मोदी विरोध के रोग से पीढ़ीत हमारे विपक्ष को नहीं दिखी।” पोस्ट का लिंक और आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। 

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इस तरह के कई और दावों का लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इसके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। 

पड़ताल

इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने वीडियो के कीफ्रेम्स को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां हमें वायरल हो रही यह तस्वीर विवेकानंद इंटरनेशनल फाउंडेशन के एक्स पर पोस्ट मिली। यह नई दिल्ली स्थित थिंक टैंक है और विदेशी मामलों, राष्ट्रीय सुरक्षा और रणनीति और सार्वजनिक नीति में विशेषज्ञता रखता है। इस तस्वीर के साथ कैप्शन लिखा था “अफगानिस्तान के विदेश मंत्री, महामहिम मावलवी अमीर खान मुत्तकी के साथ वीआईएफ में आज हुई बातचीत के मुख्य अंश। बातचीत में दोनों देशों के बीच गहरे आर्थिक, ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और सभ्यतागत संबंधों पर ज़ोर दिया गया। रवींद्रनाथ टैगोर के काबुलीवाला का जिक्र श्रोताओं के दिलों को छू गया।

 



इस दावे का सच जानने के लिए हमने अमर उजाला के न्यूज डेस्क से संपर्क किया यहां हमें पता चला कि 10 अक्तूबर को  दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित हुई, जिसमें महिला पत्रकारों को एंट्री नहीं दी गई। ऐसे में अफगानी मंत्री मुत्तकी की प्रेस वार्ता में महिला पत्रकारों की एंट्री बैन पर विपक्ष ने भाजपा सरकार को घेरना शुरू किया था। इसके बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में महिला पत्रकारों को आमंत्रित नहीं किए जाने के मुद्दे पर अफगानिस्तान के विदेश मंत्री आमिर खान मुत्ताकी ने यू-टर्न लिया। रविवार को दिल्ली में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुत्ताकी ने सफाई देते हुए  कहा कि यह एक तकनीकी मुद्दा था... हमारे सहयोगियों ने पत्रकारों की एक विशिष्ट सूची को निमंत्रण भेजने का फैसला किया था और इसके अलावा कोई अन्य इरादा नहीं था। मुत्ताकी ने रविवार को नई दिल्ली में तीन दिन के भीतर दूसरी प्रेस काॅन्फ्रेंस बुलाई तो इसमें बाकायदा महिला पत्रकारों को भी आमंत्रित किया गया। यही नहीं, उन्हें पूरा सम्मान देते हुए पहली पंक्ति में भी बैठाया गया। 

 

 

 

कई मीडिया रिपोर्ट ने वायरल तस्वीर को छापते हुए इसे विवेकानंद इंटरनेशनल फाउंडेशन में हुई कॉन्फ्रेंस बताया। लेकिन 12 अक्तूबर को उन्होंने महिला पत्रकारों को आमंत्रण नहीं देने के लिए माफी मांगी थी। इससे यह स्पष्ट होता है कि वायरल तस्वीर मुत्तकी की उस प्रेस कॉन्फ्रेंस की नहीं है, जिसमें 10 अक्टूबर 2025 को महिला पत्रकारों को प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई थी।

बीबीसी ने अपनी रिपोर्ट में लिखा लगभग 48 घंटों में अफगान दूतावास में आमिर खान मुत्ताकी का दूसरा प्रेस कार्यक्रम शुक्रवार को उनकी पहली बैठक से महिलाओं को बाहर रखने पर भारी हंगामे के बाद बुलाया गया था।

पड़ताल का नतीजा 

हमारी पड़ताल में यह साफ है कि वायरल तस्वीर मुत्तकी की उस प्रेस कॉन्फ्रेंस की नहीं है, जिसमें 10 अक्टूबर 2025 को महिला पत्रकारों को प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई थी।

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