फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Fact Check ›   Police denied the claim of youths trying to hoist Pakistani flag

Fact Check: युवकों ने पाकिस्तानी झंडा फहराने की कोशिश नहीं की, पुलिस ने बताया वीडियो का सच

Tue, 17 Sep 2024 08:14 PM IST
संध्या फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला
फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला Published by: संध्या Updated Tue, 17 Sep 2024 08:14 PM IST
सार

Fact Check: एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें कुछ लोग दो युवकों को पीट रहे है। दावा किया जा रहा है कि ये युवक पाकिस्तान का झंडा फहराने की कोशिश कर रहे थे। 

विज्ञापन
Police denied the claim of youths trying to hoist Pakistani flag
फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें दो बाइकों को कुछ लोगों ने रोक रखा है। साथ ही ये भीड़ इन लड़कों को पीटते हुए भी नजर आ रही है। इनके पास हरे रंग का एक झंडा भी नजर आ रहा है। आसपास के लोग इस झंडे को फेंकते हुए नजर आ रहे हैं। 
विज्ञापन


क्या है दावा
इस वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि ये लोग पाकिस्तान का झंडा फहराने की कोशिश कर रहे थे। इस वीडियो में दावा किया जा रहा है कि स्थानीय लोगों ने अमीनगर सराय में पाकिस्तानी झंडा लहराते हुए लोगों को पकड़ा है। 
विज्ञापन


सनातनी योद्धा (@Hindu_Bhu) नाम के एक एक्स यूजर ने वीडियो के साथ लिखा “मित्रो बागपत के थाना सिघावली क्षेत्र के अमीनगर सराय में पाकिस्तान का झंडा लहरा रहे इस्ला&मिस्ट जिहा#दियों को स्थानीय राष्ट्रवादी भाइयों ने पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया, हर हर महादेव”
विज्ञापन
विज्ञापन

 
हम लोग We The People (@ajaychauhan41) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “बागपत के थाना सिघावली क्षेत्र के अमीनगर सराय में पाकिस्तान का झंडा लहरा रहे व्यक्तियों को स्थानीय लोगों ने पकड़ा एवं पुलिस के हवाले कर दिया।”
‘जागेगा इंडिया’ नाम के एक फेसबुक अकाउंट से लिखा गया “मजहबी दंगाई पाकिस्तान का झंडा लहरा रहा था स्थानीय लोगों ने पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया ! मामला यूपी के मेरठ इलाके बागपत के थाना सिघावली के अमीनगर सराय का !”



पड़ताल 
इस वीडियो की पड़ताल करने पर हमें सबसे पहले बागपत पुलिस का बयान देखने को मिला। बागपत पुलिस की तरफ से बयान में कहा गया था कि “16 सितंबर 2024 को 3 बाइक सवार युवक गौसा गांव से मेरठ जा रहे थे। जिनकी बाइक पर हरे रंग का कपड़ा रखा हुआ था। कुछ स्थानीय लोगों ने उनको रोका और हरे रंग के कपड़े को पाकिस्तान का झंडा बताते हुए विरोध किया। इस पूरी घटना में थाना सिंघावली अहीर पुलिस द्वारा जांच की गई तो उक्त युवक के पास जो हरे रंग का कपड़ा था वह ईद ए मिलाद त्यौहार से सम्बन्धित था। उक्त कपड़ा पाकिस्तान का झंडा नहीं था। बागपत पुलिस भ्रामक खबर का खंडन करती है।”
पड़ताल की नतीजा
हमारी पड़ताल में ये साफ है कि वीडियो को गलत दावे के साथ शेयर किया जा रहा है। बागपत पुलिस के अनुसार, हरे रंग का कपड़ा पाकिस्तान का झंडा नहीं था।


 
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed