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Hindi News ›   Fact Check ›   no caste angle in the forced shaving of a man's head in Jhansi

Fact Check: झांसी में व्यक्ति का जबरन सिर मुंडवाने की घटना में कोई जातिगत एंगल नहीं, पड़ताल में जानें पूरा सच

Sat, 26 Oct 2024 07:50 PM IST
संध्या फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला
फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला Published by: संध्या Updated Sat, 26 Oct 2024 07:50 PM IST
सार

Fact Check:  एक दलित व्यक्ति को सिर्फ इसलिए जबरन गंजा कर दिया गया क्योंकि उसने बेगारी करने से मना कर दिया था। हालांकि, पुलिस ने अपने बयान में बताया कि आरोपी और पीड़ित दोनों एक ही समुदाय के व्यक्ति हैं। 

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no caste angle in the forced shaving of a man's head in Jhansi
फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

सोशल मीडिया एक्स पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें कुछ लोग एक व्यक्ति को अपमानित कर रहे हैं और उसका सिर मुंडवा रहे हैं। 
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क्या है दावा 

वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि यह वीडियो उत्तर प्रदेश के झांसी का है। यहां एक दलित व्यक्ति को सिर्फ इसलिए जबरन गंजा कर दिया गया क्योंकि उसने बेगारी करने से मना कर दिया था। 

स्वामी प्रसाद मौर्य (@SwamiPMaurya) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “उत्तर प्रदेश झांसी के सीपरी बाजार थाना अंतर्गत एक दलित का सिर इसलिए मुंडवाया गया, क्योंकि उसने बेगारी करने से मना कर दिया । इतना ही नहीं मारा-पीटा भी, पेड़ पर उल्टा लटकाया एवं सिर मुड़ाकर  गांव में घुमाया भी। यही है जातिवाद का जहर ! यही है शूद्रों के साथ भेदभाव ! यही है मनुवाद का नंगा नाच ! देखना है पुलिस दबंगों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही करती है या लीपा पोती?” 
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डॉ. लक्ष्मण यादव (@DrLaxman_Yadav) नाम के एक एक्स यूजर ने लिख “यूपी के झांसी में एक गांव के दबंगों ने एक आदमी के जबरन बाल काट दिए.  क्योंकि गांव के दबंग चाहते थे कि वह उनके यहां बेगारी करे. लेकिन आदमी ने बेगारी करने से मना कर दिया. वे इतने पर ही नहीं रुके, उसे मारा भी , पेड़ से उल्टा लटकाया और पूरे गांव में जुलूस निकाला गया और वीडियो भी बनाया गया।”
 

पड़ताल 

इस मामले का सच जानने के लिए हमने सबसे पहले झांसी पुलिस के एक्स हैंडल को देखा। यहां हमें इस पूरी घटना पर झांसी पुलिस का बयान मिला। पुलिस ने अपने बयान में बताया कि दोनों एक ही समुदाय के व्यक्ति हैं। 

पुलिस के मुताबिक “ थाना सीपरी बाजार क्षेत्र से संबंधित प्राप्त वीडियो एवं पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज की जा चुकी है। 23 अक्तूबर को रामनारायण द्वारा थाना सीपरी बाजार पर तहरीर देकर आरोप लगाया गया है कि उन्हीं के समाज के कुछ व्यक्तियों द्वारा बिना किसी कारण उनके साथ मारपीट व गाली-गलौज की गई तथा जान से मारने की धमकी दी गई। शिकायत के आधार पर उसी समय 04 अभियुक्तों के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस द्वारा अभियुक्तों की शीघ्र गिरफ्तारी हेतु सार्थक प्रयास किए जा रहे हैं।
 

पड़ताल का नतीजा 

हमारी पड़ताल में ये साफ है कि आरोपी और पीड़ित एक ही समुदाय के हैं। वीडियो को जातिगत आधार पर गलत तरीके से फैलाया जा रहा है। 
 
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