Fact Check: बांग्लदेश में घर ध्वस्त करने के वीडियो को पश्चिम बंगाल का बताकर किया जा रहा शेयर
Fact Check: सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल में बुलडोजर चलने के कारण एक शख्स रो रहा है। हमने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में एक शख्स रोते हुए नजर आ रहा है। वीडियो को शेयर कर दावा किया जा रहा है कि यह पश्चिम बंगाल का है। जहां उसके घर पर बुलडोजर चला है। इसकी वजह से वह रो रहा है।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है। हमने पाया कि वायरल वीडियो बांग्लादेश का है। इसे भारत का बताकर शेयर किया जा रहा है।
क्या है दावा
सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल में एक शख्स के घर पर बुलडोजर चलने की वजह से वह रो रहा है।
मिस भूमि (@ibmindia20) नाम की एक्स यूजर ने लिखा,’ इन कंगालुओं को दहाड़ें maa₹ maa₹कर रोता देख कर दिल को बहुत अधिक सुकून मिल रहा है’। इसके साथ ही यहां पर हैशटैग में बंगाल लिखा है।" पोस्ट का लिंक आप यहां और आर्काइव लिंक यहां देख सकते हैं।
इसी तरह के अन्य दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इनके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले तस्वीर को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। इस दौरान हमें News Point नाम के फेसबुक अकाउंंट पर वायरल वीडियो देखने को मिला। यह वीडियो 21 मई को साझा किया गया है। इसके साथ ही यहां बताया गया है कि आंखों के सामने घर ध्वस्त हो गया, एक युवक की चीख। इसके साथ ही यहां पर हैशटैग कलशी बस्ती और बंगालादेश लिखा है।
कलशी बस्ती बांग्लादेश के पल्लवी क्षेत्र में स्थित है। हमने आगे की पड़ताल कीवर्ड से की। इस दौरान हमें prothomalo की एक रिपोर्ट मिली। यह रिपोर्ट 20 मई 2026 को प्रकाशित की गई है। रिपोर्ट में बताया गया है कि पुलिस ने बताया कि कालशी के बौनिया बांध झुग्गी बस्ती क्षेत्र में सरकारी जमीन वापस लेने के लिए चलाए गए बेदखली अभियान के दौरान स्थानीय निवासियों ने पुलिस पर हमला कर दिया। इस घटना में कम से कम पांच से छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। मीरपुर संभाग के उपायुक्त (डीसी) मुस्तैक सरकार ने बताया कि यह घटना बुधवार दोपहर करीब 12:30 बजे घटी। उन्होंने कहा कि बेदखली अभियान के दौरान स्थानीय निवासियों द्वारा पुलिस पर हमला करने से स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
इसके बाद हमें न्यूज 24 की एक रिपोर्ट मिली। यह रिपोर्ट 20 मई 2026 को साझा की गई है। यहां पर बताया गया है कि मीरपुर के कालशी में झुग्गी-झोपड़ी खाली कराने के अभियान के दौरान पुलिस पर हमला।
पड़ताल का नतीजा
हमने अपनी पड़ताल मं वायरल वीडियो को बांग्लादेश का पाया है।