फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Fact Check ›   Fact Check: Old video claiming crowd gathered at Mukhtar Ansari's funeral went viral

Fact Check: मुख्तार अंसारी के जनाजे में जुटी भीड़ का दावा करने वाला पुराना वीडियो वायरल, जानें इसका पूरा सच

Wed, 03 Apr 2024 03:51 PM IST
शिवेंद्र न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिवेंद्र Updated Wed, 03 Apr 2024 03:51 PM IST
सार

Fact Check: सोशल मीडिया पर एक वीडियो खूब वायरल है जिसमें एक जनाजे में शामिल लोगों की भीड़ देख रही है। यूजर्स इस वीडियो को मुख्तार अंसारी के जनाजे से जोड़कर साझा कर रहे हैं। लॉजिकली फैक्ट्स की पड़ताल में पता चला कि वीडियो मुख्तार अंसारी के जनाजे का नहीं है। 

विज्ञापन
Fact Check: Old video claiming crowd gathered at Mukhtar Ansari's funeral went viral
FACT CHECK - फोटो : AMAR UJALA

विस्तार

हाल ही में माफिया मुख्तार अंसारी की मौत हो गई। बीते शनिवार को गाजीपुर में मुख्तार के पैतृक निवास यूसूफपुर मोहम्मदाबाद के कालीबाग स्थित कब्रिस्तान में उसके शव को सुपुर्द-ए-खाक किया गया। अंसारी के जनाजे में हजारों लोग शामिल हुए। इस बीच, सोशल मीडिया पर एक वीडियो खूब वायरल है जिसमें एक जनाजे में शामिल हजारों लोगों की भीड़ को देखा जा सकता है। यूजर्स इस वीडियो को मुख्तार अंसारी के जनाजे से जोड़कर साझा कर रहे हैं।

विज्ञापन

 

क्या है दावा?
पिछले दिनों माफिया मुख्तार अंसारी के जनाजे में उमड़ी भीड़ को बताते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। मुख्तार की 28 मार्च, 2024 को उत्तर प्रदेश के एक अस्पताल में दिल का दौरा पड़ने से मृत्यु हो गई थी। कई सोशल मीडिया पोस्टों में दावा किया गया है कि 30 मार्च, 2024 को मुख्तार के गाजीपुर आवास के आसपास भारी भीड़ जमा हुई। 

(पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि मुख्तार अंसारी के जनाजे का वीडियो है। (स्रोत: एक्स)

ऐसी ही एक पोस्ट सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर की गई। इसमें कैप्शन था, 'यह दृश्य एक शहीद सेना के जवान के अंतिम संस्कार का नहीं है, बल्कि आतंकवादी मुख्तार अंसारी का है, जिसने दर्जनों लोगों की हत्या की थी। हे भारत, हिंदुओं अगर तुम आज नहीं जागे, तुम्हारा भविष्य अंधकारमय है। इस पोस्ट का आर्काइव वर्जन यहां देखा जा सकता है। 



 

विज्ञापन
विज्ञापन

पड़ताल 
लॉजिकली फैक्ट्स ने वीडियो की पड़ताल की। गूगल रिवर्स इमेज सर्च करने पर, 'अयान खान 99' (यहां आर्काइव्ड) नाम के एक चैनल पर वायरल क्लिप का एक पूरा वीडियो मिला। इसे 20 मार्च, 2024 को हैशटैग #saiqlainmiya के साथ पोस्ट किया गया था।


पड़ताल के दौरान यह भी पता चला कि वीडियो 19 जनवरी, 2024 को isaqlaini690 ( यहां आर्काइव्ड) द्वारा अपलोड किया गया था। 

वीडियो से मिले संकेतों के जरिए अमर उजाला की एक न्यूज रिपोर्ट मिली, जिसे 22 अक्टूबर, 2023 को पोस्ट किया गया था। रिपोर्ट में 20 अक्टूबर, 2023 को सूफी संत पीर-ए-मुर्शिद हजरत सकलैन मियां के निधन की जानकारी दी गई थी। उनका अंतिम संस्कार 22 अक्टूबर, 2023 को बरेली के इस्लामिया इंटर कॉलेज में किया गया था।

लॉजिकली फैक्ट्स ने बरेली के इस्लामिया इंटर कॉलेज मैदान में जियोलोकेशन करके वीडियो की प्रामाणिकता की पुष्टि की। इसमें इस्लामिया मैदान के मध्य में स्थित एक संरचना वायरल वीडियो में टाइमस्टैम्प 0:26 पर दिखाई देती है।

(गूगल सेवायरल वीडियो और इस्लामिया मैदान की एक फोटो की तुलना से। (स्रोत: अब्दुल सुभान/गूगल इमेज)

इसके अलावा वीडियो में टाइमस्टैम्प 0:30 पर दिखाई देने वाला गांधी मेडिको, इस्लामिया इंटर कॉलेज मैदान के नजदीक सड़क पर स्थित है। यह भी बरेली में वीडियो के स्थान की पुष्टि करता है।

[वायरल वीडियो और गूगल स्ट्रीट व्यू की तुलना। (स्रोत: गूगल स्ट्रीट व्यू)]

विज्ञापन

पड़ताल का नतीजा
पड़ताल से यह साफ है कि वायरल वीडियो मुख्तार अंसारी के जनाजे का नहीं है। वायरल वीडियो गाजीपुर में मुख्तार अंसारी के जनाजे से कई महीने पहले का है और इसे बरेली में जियोलोकेट किया गया है।

(This story was originally published by Logically Facts, as part of the Shakti Collective. Except for the headline/excerpt/opening introduction para this story has not been edited by Amar Ujala staff)

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed