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Hindi News ›   Fact Check ›   Confusion spread in South Korea by linking an 8-year-old video to the current situation

Fact Check: दक्षिण कोरिया के आठ साल पुराने वीडियो को हाल के हालात से जोड़कर फैलाया जा रहा भ्रम, पढ़ें पड़ताल

Fri, 06 Dec 2024 06:25 PM IST
संध्या फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला
फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला Published by: संध्या Updated Fri, 06 Dec 2024 06:25 PM IST
सार

Fact Check: सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल है जिसमें दावा किया जा रहा है कि दक्षिण कोरिया में हाल ही में सड़कों पर लोगों की भीड़ का भारी प्रदर्शन देखने को मिला।

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Confusion spread in South Korea by linking an 8-year-old video to the current situation
फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दक्षिण कोरिया में एक प्रदर्शन की तस्वीरें काफी शेयर की जा रही है। इस तस्वीर में बड़ी संख्या में भीड़ नजर आ रही है। एक लंबी सड़क पर जहां तक नजर जाती है केवल और केवल लोग ही नजर आ रहे हैं। 
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क्या है दावा
इस वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि राष्ट्रपति यूं सूक योल के मार्शल लॉ घोषित करने के बाद बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हो रहा है। लाखों की संख्या में लोग सड़कों पर हैं। कहा जा रहा है कि प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति के इस्तीफे की मांग की।
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स्नेहा मोरदानी (@snehamordani) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति के इस्तीफे की मांग की। हजारों दक्षिण कोरियाई लोगों ने राष्ट्रपति भवन की ओर मार्च किया, जिसमें कथित भ्रष्टाचार और नीतिगत विफलताओं के कारण राष्ट्रपति के पद छोड़ने की मांग की गई। पुलिस के साथ झड़पों ने तनाव को बढ़ा दिया, क्योंकि प्रदर्शनकारियों ने बदलाव के लिए लड़ाई जारी रखने की कसम खाई। (पोस्ट का आर्काइव लिंक)
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बिशप (@BishopPOEvang) नाम के एक एक्स अकाउंट से लिखा गया “नाइजीरिया में हम नहीं जानते कि विरोध कैसे किया जाता है। ये दक्षिण कोरियाई प्रदर्शनकारी हैं जो अपने राष्ट्रपति के इस्तीफे की मांग करने के लिए सड़कों पर उतर आए हैं। हमारे अपने, छोटे आंसू गैस के गोले जो हम नहीं फेंक सकते, घर-घर जाकर इस्तेमाल किए जा सकते हैं। (पोस्ट का आर्काइव लिंक)
 

इसी तरह के कई और ट्वीट आप यहां और यहां देख सकते हैं। 

पड़ताल 
इस तस्वीर की पड़ताल करने के लिए हमने फोटो को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां हमें यूरो न्यूज पर इस प्रदर्शन का वीडियो देखने को मिला। इस वीडियो के 3 दिसंबर 2016 को प्रकाशित किया गया था। 

आगे हमें एक और वेबसाइट पर ये तस्वीर देखने को मिली। कोरिया बिज वायर की वेबसाइट पर हमें इस फोटो को 9 दिसंबर 2016 को प्रकाशित किया गया था। 

इन खबरों के पढ़ने से हमें पता चला कि उस समय के राष्ट्रपति पार्क ग्युन-हे को तत्काल हटाने के लिए संसद से मांग करने के लिए हजारों लोग सड़कों पर उतरे थे।

उनके करीबी दोस्त, चोई सून-सिल पर, बिना किसी सार्वजनिक पद के, सत्ता के दुरुपयोग और कंपनियों से बड़ी रकम वसूलने का आरोप लगाया गया था।

अभियोजकों ने पार्क को उसके दोस्त का "सहयोगी" बताया, जो पहले से ही जेल में था। 

पड़ताल का नतीजा 
हमारी पड़ताल में ये साफ है कि वीडियो आठ साल पुराना है। इसका दक्षिण कोरिया के अभी के हालातों से कोई संबंध नहीं है। 

 
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