Fact Check: फ्रांस में दक्षिणपंथी नेता की हार पर मुस्लिमों के जश्न मनाने का दावा गलत, वीडियो का सच ये है
Fact Check: फ्रांस के संसदीय चुनाव में वामपंथी गठबंधन न्यू पॉपुलर फ्रंट (एनएफपी) ने सबसे अधिक सीटें जीत ली हैं। मरीन ले पेन की दक्षिणपंथी पार्टी दूसरे स्थान पर रही। इस बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा कर यूजर दावा कर रहे हैं कि पेन की हार के बाद पेरिस स्मारक पर चढ़कर मुस्लिमों ने जश्न मनाया।
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विस्तार
दावा
सोशल मीडिया एप एक्स पर वायरल वीडियो में दिखाया गया है कि झंडे और बैनर लिए कुछ लोग एक स्मारक पर चढ़कर नारेबाजी कर रहे हैं। वीडियो शेयर कर यूजर्स ने इसे फ्रांस चुनाव 2024 के नतीजों से जोड़ा है। सुनंदा रॉय नाम की वेरिफाइड एक्स यूजर ने वीडियो साझा कर लिखा, 'फ्रांस ब्रिटेन की राह पर चल रहा है। दक्षिणपंथी नेता मरीन ले पेन फ्रांस के चुनाव हार गईं। अब फ्रांस पर वामपंथी पार्टी का शासन होगा, इसका मतलब है कि वहां जल्द ही इस्लामिक खिलाफत आने वाली है। फ्रांस बर्बाद हो गया है। RIP फ्रांस।'
France following the path of UK
— Sunanda Roy 👑 (@SaffronSunanda) July 7, 2024
Right wing leader Marine Le Pen lost the French elections.
Now the far left party will govern France that means Islamic Caliphate is coming soon there.
France is doomed. RIP France 🤡 pic.twitter.com/waDxFpEEUm
हेमंत खुरखुरिया नाम के एक एक्स यूजर ने भी इसी कैप्शन के साथ वीडियो साझा किया है। अन्य सोशल मीडिया पर भी यह वीडियो कुछ ऐसे ही कैप्शन के साथ वायरल हो रहा है।
France following the path of UK
— Hemant khurkhuriya (@Hemant832725273) July 8, 2024
Right wing leader Marine Le Pen lost the French elections.
Now the far left party will govern France that means Islamic Caliphate is coming soon there.
France is doomed. RIP France pic.twitter.com/EbSFQI2QcQ
पड़ताल
इस वीडियो की पड़ताल के लिए हमने सबसे पहले गूगल पर वायरल वीडियो के की-फ्रेम को रिवर्स इमेज सर्च किया। गूगल रिजल्ट में हमें इससे संबंधित कई ट्वीट मिले। रिजल्ट में मिले कई ट्वीट 2023 के भी थे। यहां से हमें यह संकेत मिल गया कि वायरल वीडियो पुराना है।
Paris, Republic Square.
— 🦋Anjna🦋🇮🇳 (@SaffronQueen_) July 5, 2023
France has fallen.pic.twitter.com/Z1JXVp0fzs
पड़ताल के क्रम को आगे बढ़ाने पर हमें इंफोमाइग्रेंट्स वेबसाइट पर एक खबर मिली जो 18 मार्च, 2019 को प्रकाशित हुई थी। इस खबर के मुताबिक, अल्जीरियाई अप्रवासी 17 मार्च, 2019 को फ्रांस की राजधानी पेरिस के मध्य में प्लेस डे ला रिपब्लिक में एकत्र हुए थे। ये लोग राष्ट्रपति अब्देल अजीज की पांचवीं बार राष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवारी और उनके वर्तमान राष्ट्रपति कार्यकाल का विस्तार करने के खिलाफ विरोध कर रहे थे।
पड़ताल को और अधिक पुष्ट करने के लिए हमने 'फ्रांस', 'अल्जीरियन माइग्रेंट,' 'प्रोटेस्ट' जैसे कीवर्ड्स इंटरनेट पर सर्च किया। इसके परिणामस्वरूप हमें वाइस ऑफ अमेरिका, डीडब्ल्यू जैसी वेबसाइट पर ऐसी ही खबरें मिलीं।
पड़ताल का नतीजा
पड़ताल से साफ है कि यह दावा कि दक्षिणपंथी नेता पेन की हार के बाद पेरिस स्मारक पर चढ़कर मुस्लिमों ने जश्न मनाया, पूर्ण रूप से गलत है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह वीडियो कम से कम पांच साल पुराना है जिसका 2024 में हुए फ्रांस के संसदीय चुनाव से कोई लेना-देना नहीं है।