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Fact Check: बांग्लादेशी कार्यकर्ता के भाषण को सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश, जानें पड़ताल में सच्चाई
Mon, 07 Oct 2024 11:27 PM IST
संध्या
फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला
फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला
Published by: संध्या
Updated Mon, 07 Oct 2024 11:27 PM IST
सार
Fact Check: सोशल मीडिया पर बांग्लादेशी कार्यकर्ता का एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि बांग्लादेश से हिंदुओं को भगाया जा रहा है।
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फैक्ट चेक
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स और फेसबुक पर एक वीडियो शेयर किया जा रहा है। इस वीडियो में एक आदमी एक जनसभा को संबोधित करते हुए नजर आ रहा है। ये आदमी बंगाली भाषा में भाषण दे रहा है।
क्या है दावा
इस वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि एक बांग्लादेशी कार्यकर्ता सार्वजनिक रूप से लोगों को संबोधित कर रहा है और इसमें मुसलमान बांग्लादेश में हिंदुओं को सात दिनों के भीतर देश छोड़ने की धमकी दे रहे हैं।
गेम्स ऑफ दिल्ली (@Sachinr695) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “बांग्लादेश में हिंदुओं को 7 दिन के अंदर देश छोड़ने का अल्टीमेटम दिया जा रहा है। कहा जा रहा है, "तुम्हारे पिता चले गए हैं, तुम्हारी चाची डर गई हैं, तुम भी चले जाओ।"
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https://x.com/Sachinr695/status/1840625320904274369
कुलदीप कपूर नाम के एक फेसबुक यूजर ने लिखा “हिंदुओं को अगले 7 दिनों में बांग्लादेश छोड़ने का अल्टीमेटम दिया गया है। यह कश्मीर में जो हुआ उससे कितना अलग है? यह फिर से रालिव गैलिव या चालिव ("धर्मांतरण (इस्लाम में), छोड़ो या मरो") है।”
https://www.facebook.com/kuldeep.kapur.9/videos/1054217336404176
पड़ताल
वीडियो की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले वीडियो के कीफ्रेम्स को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां से हमें एक फेसबुक लिंक मिला। मोहम्मद जुनैद अब्दुल्ला नाम के इस फेसबुक अकाउंट ने 28 सितंबर को यहां इस वीडियो को पूरा पोस्ट किया था। इस वीडियो के कैप्शन में लिखा था “जुलाई क्रांति के शहीद परिवारों और सेनानियों के स्मरणोत्सव और सांस्कृतिक संध्या में सैफुद्दीन मोहम्मद अमदाद भैया का ऐतिहासिक उग्र भाषण।”
यहां से हमें पता चला की भाषण देने वाले व्यक्ति का नाम सैफुद्दीन मोहम्मद अमदाद है। हमें जांच करने पर पता चला सैफुद्दीन बांग्लादेशी कार्यकर्ता है जो बांग्लादेश कोटा सुधार विरोध प्रदर्शन के दौरान लाइमलाइट में आया। इस वीडियो को पूरा देखने पर हमें पता चला की सैफुद्दीन शेख हसीना के अभी भी बांग्लादेश में बचे हुए समर्थकों की बात कर रहा है।
पूरा भाषण सुनने पर हमें पता चला बांग्लादेशी कार्यकर्ता बांग्लादेश में अवामी लीग के सदस्यों और समर्थकों की बात कर रहे थे। वह उन पर हिंदुओं, अल्पसंख्यकों, पत्रकारों के भेष में छिपने और देश के खिलाफ साजिश रचने का आरोप लगा रहे थे।
https://www.facebook.com/babuamdad24/posts/2239207169768155?ref=embed_post
आगे और सर्च करने पर हमें अमदाद का फेसबुक अकाउंट मिला जिसमें वो वायरल हो रहे दावों का खंडन करता हुआ नजर आ रहा है। अमदाद ने लिखा “कई RW भारतीय हैंडल और भारतीय मीडिया ने एक वीडियो शेयर किया जिसमें दावा किया गया कि "बांग्लादेश में हिंदुओं को 7 दिनों के भीतर देश छोड़ने का अल्टीमेटम दिया जा रहा है", जो कि गलत है।
यह बयान हिंदुओं के खिलाफ नहीं था; यह पिछली सरकार और उसके सहयोगियों के खिलाफ था जिन्होंने प्रदर्शनकारियों पर हमला किया था।”
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में ये साफ है कि वीडियो को भ्रामक तरीके से शेयर किया जा रहा है।
क्या है दावा
इस वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि एक बांग्लादेशी कार्यकर्ता सार्वजनिक रूप से लोगों को संबोधित कर रहा है और इसमें मुसलमान बांग्लादेश में हिंदुओं को सात दिनों के भीतर देश छोड़ने की धमकी दे रहे हैं।
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गेम्स ऑफ दिल्ली (@Sachinr695) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “बांग्लादेश में हिंदुओं को 7 दिन के अंदर देश छोड़ने का अल्टीमेटम दिया जा रहा है। कहा जा रहा है, "तुम्हारे पिता चले गए हैं, तुम्हारी चाची डर गई हैं, तुम भी चले जाओ।"
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कुलदीप कपूर नाम के एक फेसबुक यूजर ने लिखा “हिंदुओं को अगले 7 दिनों में बांग्लादेश छोड़ने का अल्टीमेटम दिया गया है। यह कश्मीर में जो हुआ उससे कितना अलग है? यह फिर से रालिव गैलिव या चालिव ("धर्मांतरण (इस्लाम में), छोड़ो या मरो") है।”
https://www.facebook.com/kuldeep.kapur.9/videos/1054217336404176
पड़ताल
वीडियो की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले वीडियो के कीफ्रेम्स को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां से हमें एक फेसबुक लिंक मिला। मोहम्मद जुनैद अब्दुल्ला नाम के इस फेसबुक अकाउंट ने 28 सितंबर को यहां इस वीडियो को पूरा पोस्ट किया था। इस वीडियो के कैप्शन में लिखा था “जुलाई क्रांति के शहीद परिवारों और सेनानियों के स्मरणोत्सव और सांस्कृतिक संध्या में सैफुद्दीन मोहम्मद अमदाद भैया का ऐतिहासिक उग्र भाषण।”
यहां से हमें पता चला की भाषण देने वाले व्यक्ति का नाम सैफुद्दीन मोहम्मद अमदाद है। हमें जांच करने पर पता चला सैफुद्दीन बांग्लादेशी कार्यकर्ता है जो बांग्लादेश कोटा सुधार विरोध प्रदर्शन के दौरान लाइमलाइट में आया। इस वीडियो को पूरा देखने पर हमें पता चला की सैफुद्दीन शेख हसीना के अभी भी बांग्लादेश में बचे हुए समर्थकों की बात कर रहा है।
पूरा भाषण सुनने पर हमें पता चला बांग्लादेशी कार्यकर्ता बांग्लादेश में अवामी लीग के सदस्यों और समर्थकों की बात कर रहे थे। वह उन पर हिंदुओं, अल्पसंख्यकों, पत्रकारों के भेष में छिपने और देश के खिलाफ साजिश रचने का आरोप लगा रहे थे।
https://www.facebook.com/babuamdad24/posts/2239207169768155?ref=embed_post
आगे और सर्च करने पर हमें अमदाद का फेसबुक अकाउंट मिला जिसमें वो वायरल हो रहे दावों का खंडन करता हुआ नजर आ रहा है। अमदाद ने लिखा “कई RW भारतीय हैंडल और भारतीय मीडिया ने एक वीडियो शेयर किया जिसमें दावा किया गया कि "बांग्लादेश में हिंदुओं को 7 दिनों के भीतर देश छोड़ने का अल्टीमेटम दिया जा रहा है", जो कि गलत है।
यह बयान हिंदुओं के खिलाफ नहीं था; यह पिछली सरकार और उसके सहयोगियों के खिलाफ था जिन्होंने प्रदर्शनकारियों पर हमला किया था।”
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में ये साफ है कि वीडियो को भ्रामक तरीके से शेयर किया जा रहा है।