Fact Check: चुनाव में विदेश से वोट डालने आए मुस्लिमों को नहीं दी जा रही आर्थिक मदद, फर्जी लेटर हो रहा वायरल
Fact Check: सोशल मीडिया पर एक लेटर वायरल हो रहा है, जिसमें कहा जा रहा है कि दुबई के एक मुस्लिम संगठन ने लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने गए मुसलमानों के लिए आर्थिक मदद का ऐलान किया है। हालांकि, न्यूजचेकर ने अपनी जांच में पाया कि वायरल लेटर फर्जी है।
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देश में इस वक्त लोकसभा के चुनाव चल रहे हैं। तीन चरणों की वोटिंग हो चुकी है। चार चरणों का मतदान अभी भी बचा हुआ है। इस चुनाव में राजनीतिक दलों द्वारा धार्मिक मुद्दे भी उठाए जा रहे हैं।
सोशल मीडिया पर एक लेटर वायरल हो रहा है, जिसमें कहा जा रहा है कि दुबई के एक मुस्लिम संगठन ने लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने गए मुसलमानों के लिए आर्थिक मदद का ऐलान किया है। हालांकि, न्यूजचेकर ने अपनी अपनी जांच में पाया कि वायरल लेटर फर्जी है। लेटर में दिए गए मोबाइल नंबर और पता इस कथित संगठन के नहीं हैं।
गौरतलब है कि 7 मई को लोकसभा चुनाव के तीसरे चरण का मतदान संपन्न हुआ। इस दौरान 93 लोकसभा सीटों पर वोटिंग हुई, जिनमें से गुजरात की 25 सीटें, कर्नाटक की 14 सीटें, महाराष्ट्र की 11 सीटें, उत्तर प्रदेश की 10 सीटें, मध्य प्रदेश की 9 सीटें, छत्तीसगढ़ की 7 सीटें और बिहार की 5 सीटों के अलावा कई अन्य राज्यों की भी कुछ सीटें शामिल थीं। इस दौरान करीब 62।1% वोटिंग दर्ज की गई।
वायरल लेटर में सबसे ऊपर अंग्रेजी में “Association of Sunni Muslims” लिखा हुआ है और उसके नीचे इसका अनुवाद हिंदी और अंग्रेज़ी में भी है। इसके अलावा, पते के तौर पर “#2-11th street, Khalid Bin Walid Road, Plot no। Umm Hurair One, Dubai, United Arab Emirates” और जारी करने की तारीख 29 अप्रैल 2024 लिखी हुई है।
लेटर में मौजूद अंग्रेजी और उर्दू टेक्स्ट का हिंदी अनुवाद है, “एसोसिएशन ऑफ सुन्नी मुस्लिम (दुबई) ने कर्नाटक और अन्य राज्यों में 7 मई को भारतीय चुनावों में वोट देने वाले मुसलमानों के लिए टिकट बुकिंग और पहले से बुक किए गए टिकटों के लिए पूर्ण वित्तीय सहायता की घोषणा की है। ऐसा करने का मुख्य उद्देश्य इन चुनावों में फासीवादी ताकतों को हराना और मुसलमानों के सच्चे दोस्त भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस को सत्ता में बहाल करना है”। इसके अलावा, लेटर में कर्नाटक के हुबली, कारवार और शिमोगा जिले के लोगों के लिए तीन अलग-अलग मोबाइल नंबर भी जारी किए गए हैं। वायरल पोस्ट का आर्काइव यहां देखा जा सकता है।
Courtesy: X/arunpudur
Fact Check/Verification
Newschecker ने वायरल दावे की पड़ताल के लिए सबसे पहले लेटर में मौजूद मुस्लिम संगठन के बारे में खोजा। इस दौरान न्यूजचेकर को दुबई के एसोसिएशन ऑफ सुन्नी मुस्लिम संगठन से जुड़ी कोई जानकारी इंटरनेट पर नहीं मिली।
इसके बाद न्यूजचेकर ने वायरल लेटर में मौजूद पते की मदद से उक्त संगठन को खंगाला तो पाया कि यह पता संयुक्त अरब अमीरात की राजधानी दुबई में स्थित पाकिस्तानी दूतावास के मुख्यालय का है।
वायरल लेटर में मौजूद मोबाइल नंबर भी हैं फर्जी
न्यूजचेकर ने अपनी जांच को आगे बढ़ाते हुए वायरल लेटर में मौजूद नंबरों से भी संपर्क किया। इस दौरान न्यूजचेकर ने लेटर में सबसे ऊपर मौजूद नम्बर जो कथित तौर पर मोहम्मद फैयाज़ नाम के किसी शख्स का था, उससे व्हाट्सएप की मदद से संपर्क किया। इस दौरान न्यूजचेकर ने पाया कि यह नंबर कॉफ़ी मशीन बेचने वाली कंपनी Dallmayr के नाम से रजिस्टर्ड है। इस दौरान न्यूजचेकर को कंपनी का इंस्टाग्राम अकाउंट भी मिला। इस अकाउंट के बायो में वह नंबर मौजूद है, जो वायरल लेटर में भी है।
(This story was originally published by Newschecker as part of the Shakti Collective. Except for the headline/excerpt/opening introduction para this story has not been edited by Amar Ujala staff)