{"_id":"60ab81548ebc3e899857424a","slug":"ten-phd-students-from-university-of-hyderabad-selected-for-prime-minister-research-fellowship-check-details-here","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रधानमंत्री रिसर्च फेलोशिप: हैदराबाद के 10 पीएचडी छात्रों का चयन, मिलेंगे हर माह 70 हजार रुपये","category":{"title":"Education","title_hn":"शिक्षा","slug":"education"}}
प्रधानमंत्री रिसर्च फेलोशिप: हैदराबाद के 10 पीएचडी छात्रों का चयन, मिलेंगे हर माह 70 हजार रुपये
Mon, 24 May 2021 05:47 PM IST
ललित फुलारा
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
Published by: ललित फुलारा
Updated Mon, 24 May 2021 05:47 PM IST
सार
- हैदराबाद विश्वविद्यालय के 10 पीएचडी छात्रों को प्रधान मंत्री रिसर्च फेलोशिप के लिए चुना गया है।
- इन सभी छात्रों को 70 हजार रुपये की मासिक फेलोशिप मिलेगी।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
विस्तार
हैदराबाद विश्वविद्यालय के 10 पीएचडी छात्रों को प्रधानमंत्री रिसर्च फेलोशिप के लिए चुना गया है। इन सभी छात्रों को 70 हजार रुपये की मासिक फेलोशिप मिलेगी जो पीएचडी के अंत तक 80 हजार रुपये तक बढ़ सकती है। इसके अलावा, अगर इन छात्रों का फेलोशिप के दौरान प्रदर्शन अच्छा रहा तो प्रत्येक फेलो को हर साल 2 लाख रुपये का रिसर्च अनुदान भी मिलेगा। इस फेलोशिप के लिए जो छात्र शॉर्टलिस्ट हुए हैं, उनमें स्कूल ऑफ केमिस्ट्री, स्कूल ऑफ लाइफ साइंसेज के दो-दो स्कॉलर्स, स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग साइंसेज एंड टेक्नोलॉजी और स्कूल ऑफ फिजिक्स के तीन-तीन छात्र शामिल हैं।
विज्ञापन
इसे भी पढ़ें-पंजाब बोर्ड रिजल्ट 2021: 5वीं का परिणाम जारी, 99.76 फीसदी छात्र पास
विज्ञापन
हैदराबाद विश्वविद्यालय को पीएमआरएफ 2020 साइकिल के लिए कुल 18 पीएमआरएफ फेलोशिप आवंटित की गई थी। लेकिन वर्तमान चयन में हैदराबाद विश्वविद्यालय के लिए एक अतिरिक्त फेलोशिप शामिल है। यूनिवर्सिटी के वाइंस चांसलर और अन्य लोगों ने प्रधानमंत्री रिसर्च फेलोशिप के लिए चयनित विद्यार्थियों को बधाई दी है।
विज्ञापन
इसे भी पढ़ें-CBSE 12th Board: 15 जुलाई से 26 अगस्त तक होंगी 12वीं की परीक्षाएं! पड़ताल में जानिए पूरा सच
बता दें कि प्रधानमंत्री रिसर्च फेलोशिप केंद्र सरकार देती है। यह फेलोशिप पांच साल तक के लिए दी जाती है। इसमें हर महीने छात्रों को 70 से लेकर 80 हजार रुपये तक दिए जाते हैं। ये रुपये छात्रों को स्टाइपेंड के रूप में मिलते हैं। इसके अलावा, केंद्र सरकार 2 लाख रुपये सालाना रिसर्च ग्रांट भी देती है। यह ग्रांट भी पांच साल तक दी जाती है।
कमेंट
कमेंट X