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यूपी बोर्ड रिजल्ट: ये हैं टॉप करने वाले गुदड़ी के लाल
Updated Mon, 18 May 2015 01:32 PM IST
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यूपी बोर्ड परीक्षा-2015 में हाईस्कूल में बाराबंकी की अंजली ने प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। अंजली का सपना आईआईटी से सिविल इंजीनियर बनने का है।
अंजली ने हाईस्कूल की बोर्ड परीक्षा में 96.16 फीसद अंक प्राप्त कर प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त कर जनपद का गौरव बढ़ाया है। मध्यम वर्गीय परिवार की इस बिटिया के माता-पिता तो बहुत पढ़े लिखे नहीं है।
लेकिन उनकी तमन्ना बच्चों को पढ़ाने की जरूर रही है। जिसका परिणाम सामने है। घर से लेकर कॉलेज तक सभी उत्साहित हैं। परिवारीजन को फोन पर ही बधाई देने का दौर शुरू है।
यंग स्ट्रीम इंटर कॉलेज लखपेड़ाबाग में हाईस्कूल की छात्रा अंजली पटेल विकासखंड बंकी के ग्राम चौधरीपुरवा की है। मध्यमवर्गीय परिवार की रहने वाली अंजली ने बोर्ड की हाईस्कूल परीक्षा में प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। इसने 577 अंक अर्जित किए हैं। परिणाम सुनकर परिवार व कॉलेज में खुशी का माहौल है।
बधाइयों का दौर चल रहा है। इस सफलता से लबरेज अंजली बताती है कि वह मेरिट में आने की बात नहीं सोच रही थी। उद्देश्य यह था कि पेपर सबसे बेहतर हो। अच्छे मार्क आएं।
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अंजली ने हाईस्कूल की बोर्ड परीक्षा में 96.16 फीसद अंक प्राप्त कर प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त कर जनपद का गौरव बढ़ाया है। मध्यम वर्गीय परिवार की इस बिटिया के माता-पिता तो बहुत पढ़े लिखे नहीं है।
लेकिन उनकी तमन्ना बच्चों को पढ़ाने की जरूर रही है। जिसका परिणाम सामने है। घर से लेकर कॉलेज तक सभी उत्साहित हैं। परिवारीजन को फोन पर ही बधाई देने का दौर शुरू है।
यंग स्ट्रीम इंटर कॉलेज लखपेड़ाबाग में हाईस्कूल की छात्रा अंजली पटेल विकासखंड बंकी के ग्राम चौधरीपुरवा की है। मध्यमवर्गीय परिवार की रहने वाली अंजली ने बोर्ड की हाईस्कूल परीक्षा में प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। इसने 577 अंक अर्जित किए हैं। परिणाम सुनकर परिवार व कॉलेज में खुशी का माहौल है।
बधाइयों का दौर चल रहा है। इस सफलता से लबरेज अंजली बताती है कि वह मेरिट में आने की बात नहीं सोच रही थी। उद्देश्य यह था कि पेपर सबसे बेहतर हो। अच्छे मार्क आएं।
दस किमी साइकिल चलाकर स्कूल जाता था यूपा का टॉपर सर्वेश
प्रतिभा सुविधाओं की मोहताज नहीं होती। तीन बीघा जमीन के मालिक किसान
स्वामीनाथ के बेटे सर्वेश कुमार ने इसे फिर साबित कर दिखाया। हाईस्कूल
परिणाम में सर्वेश ने 96.83 फीसदी अंक पाकर यूपी टॉप किया है।
भैंस का दूध बेचकर फीस की व्यवस्था करने वाले गरीब पिता की इच्छा ने सर्वेश को दिन-रात कड़ी मेहनत करने के लिए प्रेरित किया। जनपद बस्ती की तहसील हर्रैया के गांव हरबनपुर निवासी सर्वेश कुमार गर्मियों की छुट्टियों में अपने मामा के घर गाजियाबाद आए हुए हैं।
अमर उजाला ने सर्वेश कुमार से विशेष बातचीत की। एनएच 58 के किनारे स्थित बस्ती सरस्वती विहार में रामगणेश वर्मा के घर रविवार को दिवाली सा माहौल था। उनका भांजा सर्वेश कुमार यूपी बोर्ड की हाईस्कूल परीक्षा का टॉपर जो बन गया था।
सर्वेश का स्कूल दूर था और वो रोज दस किलोमीटर साइकिल चलाकर स्कूल जाया करता था। सर्वेश ने कहा कि उसके पिता ने उसके लिए काफी कष्ट उठाए हैं और वो आईएएस बनकर पिता का सपना पूरा करेगा।
भैंस का दूध बेचकर फीस की व्यवस्था करने वाले गरीब पिता की इच्छा ने सर्वेश को दिन-रात कड़ी मेहनत करने के लिए प्रेरित किया। जनपद बस्ती की तहसील हर्रैया के गांव हरबनपुर निवासी सर्वेश कुमार गर्मियों की छुट्टियों में अपने मामा के घर गाजियाबाद आए हुए हैं।
अमर उजाला ने सर्वेश कुमार से विशेष बातचीत की। एनएच 58 के किनारे स्थित बस्ती सरस्वती विहार में रामगणेश वर्मा के घर रविवार को दिवाली सा माहौल था। उनका भांजा सर्वेश कुमार यूपी बोर्ड की हाईस्कूल परीक्षा का टॉपर जो बन गया था।
सर्वेश का स्कूल दूर था और वो रोज दस किलोमीटर साइकिल चलाकर स्कूल जाया करता था। सर्वेश ने कहा कि उसके पिता ने उसके लिए काफी कष्ट उठाए हैं और वो आईएएस बनकर पिता का सपना पूरा करेगा।
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लैंप की रोशनी में पढकर बंटी ने हाईस्कूल में पाया दूसरा नंबर
‘दुआ करो कि सलामत रहे मेरी हिम्मत, ये इक चराग कई आंधियों पर भारी है।’ वसीम बरेलवी के इस शेर की तरह बंटी वर्मा को भी आपकी दुआओं और हौसला अफजाई की जरूरत है। परिवार के पास दो बीघा जमीन है लेकिन गुजारा नहीं चला तो पिता मजदूरी करने दिल्ली चले गए और मां ने भैंस पालकर दूध बेचना शुरू कर किया। परिवार में तमाम मुश्किलें आई पर बेटे की पढ़ाई नहीं रुकने दी।
घर में बिजली नहीं थी, बंटी ने लैंप की रोशनी में दिनरात पढ़ाई की। आज नतीजा आया तो बंटी ने हाईस्कूल की परीक्षा में प्रदेश में दूसरा स्थान पाया। परिवार के सपनों को पंख लगे तो स्कूल से लेकर गांव तक जश्न का माहौल, लोग परिवार को बधाई देते नजर आए।
गांव नगला पट्टी के बंटी वर्मा ने दसवीं में 96.67 प्रतिशत लाकर यूपी के टॉपर लिस्ट में दूसरा और जिले के टॉपर बनने का गौरव हासिल किया है। शहर के सूरज प्रसाद डांगा विद्यालय के छात्र बंटी ने 600 में से 580 अंक प्राप्त किए। गांव में बिजली है लेकिन बंटी के परिवार की आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं है कि उसके पिता कनेक्शन ले सके। पांच बहनों के बीच बंटी इकलौता पुत्र है। बंटी अपनी इस सफलता का श्रेय अपने माता-पिता के अलावा विद्यालय परिवार को देते हैं। बंटी की रुचि क्रिकेट में है तो लक्ष्य इंजीनियर बनना है।
उसने बताया कि वह लैंप जलाकर सुबह साढ़े तीन बजे उठकर साढ़े छह बजे तक और शाम को सात से बारह बजे तक पढ़ाई करते थे। कंप्यूटर, इंटरनेट और मोबाइल से वह दूर रहा और केवल किताबें ही उसकी शिक्षा का सहारा हैं। स्वामी विवेकानंद को वह अपना आदर्श मानते हैं।
घर में बिजली नहीं थी, बंटी ने लैंप की रोशनी में दिनरात पढ़ाई की। आज नतीजा आया तो बंटी ने हाईस्कूल की परीक्षा में प्रदेश में दूसरा स्थान पाया। परिवार के सपनों को पंख लगे तो स्कूल से लेकर गांव तक जश्न का माहौल, लोग परिवार को बधाई देते नजर आए।
गांव नगला पट्टी के बंटी वर्मा ने दसवीं में 96.67 प्रतिशत लाकर यूपी के टॉपर लिस्ट में दूसरा और जिले के टॉपर बनने का गौरव हासिल किया है। शहर के सूरज प्रसाद डांगा विद्यालय के छात्र बंटी ने 600 में से 580 अंक प्राप्त किए। गांव में बिजली है लेकिन बंटी के परिवार की आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं है कि उसके पिता कनेक्शन ले सके। पांच बहनों के बीच बंटी इकलौता पुत्र है। बंटी अपनी इस सफलता का श्रेय अपने माता-पिता के अलावा विद्यालय परिवार को देते हैं। बंटी की रुचि क्रिकेट में है तो लक्ष्य इंजीनियर बनना है।
उसने बताया कि वह लैंप जलाकर सुबह साढ़े तीन बजे उठकर साढ़े छह बजे तक और शाम को सात से बारह बजे तक पढ़ाई करते थे। कंप्यूटर, इंटरनेट और मोबाइल से वह दूर रहा और केवल किताबें ही उसकी शिक्षा का सहारा हैं। स्वामी विवेकानंद को वह अपना आदर्श मानते हैं।
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