Economic Survey 2024-25: स्कूली शिक्षा में सुधार, स्कूल छोड़ने की दर घटी; उच्च शिक्षा में नामांकन बढ़ा
Economic Survey 2024-25: आज संसद में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आर्थिक सर्वेक्षण 2024-25 पेश किया। रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 14.72 लाख स्कूल हैं, जिनमें 24.8 करोड़ छात्र पढ़ते हैं और इन स्कूलों में 98 लाख शिक्षक कार्यरत हैं।
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Economic Survey 2024-25: आज संसद में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आर्थिक सर्वेक्षण 2024-25 पेश किया। इस रिपोर्ट में शिक्षा और मानव संसाधन विकास को देश की आर्थिक और सामाजिक तरक्की के लिए सबसे अहम बताया गया है। इसके अलावा, राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 की भूमिका पर भी जोर दिया गया, जिसमें समावेशी शिक्षा प्रणाली बनाने की बात कही गई है।
यूडीआईएसई+ 2023-24 रिपोर्ट के अनुसार देश में स्कूलों की दशा
रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 14.72 लाख स्कूल हैं, जिनमें 24.8 करोड़ छात्र पढ़ते हैं और इन स्कूलों में 98 लाख शिक्षक कार्यरत हैं। सरकारी स्कूलों में कुल स्कूलों का 69% हिस्सा है, जिनमें 50% छात्र नामांकित हैं और 51% शिक्षक कार्यरत हैं, जबकि निजी स्कूलों में कुल स्कूलों का 22.5% हिस्सा है, जिनमें 32.6% छात्र नामांकित हैं और 38% शिक्षक कार्यरत हैं।
Gross Enrollment Ratio: 2030 तक 100% नामांकन का लक्ष्य
- सरकार का लक्ष्य है कि 2030 तक स्कूली शिक्षा में 100% नामांकन (Gross Enrollment Ratio - GER) हासिल किया जाए।
- प्राथमिक शिक्षा (कक्षा 1-5) में नामांकन पहले ही लगभग 93% तक पहुंच चुका है।
- माध्यमिक शिक्षा (कक्षा 6-10) में यह दर 77.4% है।
- उच्चतर माध्यमिक शिक्षा (कक्षा 11-12) में नामांकन 56.2% है, जिसे बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
स्कूल छोड़ने की दर में गिरावट
बीते वर्षों में स्कूल छोड़ने की दर में लगातार गिरावट देखी गई है:
- प्राथमिक स्तर पर - 1.9%
- उच्च प्राथमिक स्तर पर - 5.2%
- माध्यमिक स्तर पर - 14.1%
स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं में सुधार
शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर भी जोर दिया जा रहा है। यूडीआईएसई+ 2023-24 रिपोर्ट के अनुसार:
- जिन स्कूलों में कंप्यूटर मौजूद हैं, उनका प्रतिशत 2019-20 में 38.5% से बढ़कर 2023-24 में 57.2% हो गया।
- इंटरनेट सुविधा वाले स्कूलों की संख्या 2019-20 में 22.3% से बढ़कर 2023-24 में 53.9% हो गई।
कुल उच्च शिक्षा संस्थानों में 13.8% की वृद्धि
सर्वेक्षण के अनुसार, भारत की उच्च शिक्षा प्रणाली विश्व स्तर पर सबसे बड़ी है, जिसमें 2021-22 में 4.33 करोड़ छात्र नामांकित हैं, जो 2014-15 में 3.42 करोड़ से 26.5% अधिक है। इसी अवधि (2014-15 से 2021-22) के दौरान 18-23 आयु वर्ग के लिए जीईआर भी 23.7% से बढ़कर 28.4% हो गया। उच्च शिक्षा में 2035 तक जीईआर को 50 प्रतिशत तक बढ़ाने के सरकार के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए, शैक्षिक नेटवर्क और बुनियादी ढांचे को दोगुना करने की आवश्यकता है।
सर्वेक्षण में यह भी बताया गया है कि पिछले कुछ वर्षों में उच्च शिक्षा पारिस्थितिकी तंत्र में महत्वपूर्ण परिवर्तन हुआ है। सर्वेक्षण में कहा गया है कि कुल उच्च शिक्षा संस्थानों (HEI) की संख्या 2014-15 में 51,534 से 13.8% बढ़कर 2022-23 में 58,643 हो गई।
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