विज्ञापन
विज्ञापन

मंदी का घोंसला : फिर स्मार्ट सिटी के विचार को भी भूलना नहीं चाहिए

शंकर अय्यर Updated Tue, 20 Aug 2019 02:17 AM IST
रियल एस्टेट
रियल एस्टेट - फोटो : a
ख़बर सुनें
विगत 23 जुलाई को सर्वोच्च न्यायालय ने तीन दर्जन से अधिक याचिकाओं में उठाए गए मुद्दों को संबोधित करते हुए सरकार के स्वामित्व वाली नेशनल बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन कंपनी (एनबीसीसी) को नोएडा और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में आम्रपाली ग्रुप से 42,000 अधूरे घर लेने का निर्देश दिया। सर्वोच्च न्यायालय के इस निर्देश के बाद इससे संबंधित कई प्रासंगिक सवाल सामने आए।
विज्ञापन
क्या एनबीसीसी के पास इन परियोजनाओं को पूरा करने के लिए आवश्यक धन है? विचार करने योग्य सवाल है कि एनबीसीसी कितनी परियोजनाओं को और कैसे पूरा करेगी। 31 मार्च, 2019 तक एनबीसीसी के पास 1,384 करोड़ रुपये रिजर्व और बचत थे, जबकि मौजूदा देनदारी 6,637 करोड़ रुपये थी। आम्रपाली समूह की अधूरी इकाइयों को पूरा करने की लागत 7,700 करोड़ रुपये से अधिक है। सर्वोच्च न्यायालय के दरवाजे पर कतार में इंसाफ के लिए वे लोग भी खड़े हैं, जिन्होंने जेपी और यूनिटेक की करीब 85,000 रुकी हुई परियोजनाओं में निवेश किया है।

सर्वोच्च न्यायालय के दरवाजे पर लगी कतार उस बीमारी का संकेत है, जिसने घर खरीदने वालों को अधर में छोड़ दिया है और अर्थव्यवस्था को डुबो दिया है। रियल्टी सलाहकार कंपनी एनारॉक का अनुमान है कि 1.77 लाख करोड़ रुपये की कीमत वाले 1.74 लाख घरों के साथ 220 परियोजनाएं केवल सात शहरों में पूरी तरह से ठप हैं-'पूरी तरह से ठप' अपने आप में परिदृश्य की गंभीरता बताता है। जेएलएल इंडिया नामक परामर्शी कंपनी के अनुसार, 1.5 लाख करोड़ रुपये कीमत की लगभग 2.2 लाख इकाइयां वर्ष 2011 से ठप हैं।

और यह संकट सबसे अधिक राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र, नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्रों में दिखाई देता है। यह परिदृश्य आर्थिक और व्यवस्थागत जोखिम का प्रतिनिधित्व करता है, जिसमें खरीदार बिना संपत्ति के है और बिल्डर अधूरी परियोजनाओं के साथ।
विज्ञापन
आगे पढ़ें

विज्ञापन

Recommended

OPPO के Big Diwali Big Offers से होगी आपकी दिवाली खूबसूरत और रौशन
Oppo Reno2

OPPO के Big Diwali Big Offers से होगी आपकी दिवाली खूबसूरत और रौशन

कराएं दिवाली की रात लक्ष्मी कुबेर यज्ञ, होगी अपार धन, समृद्धि  व्  सर्वांगीण कल्याण  की प्राप्ति : 27-अक्टूबर-2019
Astrology Services

कराएं दिवाली की रात लक्ष्मी कुबेर यज्ञ, होगी अपार धन, समृद्धि व् सर्वांगीण कल्याण की प्राप्ति : 27-अक्टूबर-2019

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला की खबरों को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Most Read

Opinion

दिल्ली का ऐसा हाल क्यों? हवा को लेकर चिंता होने लग गई है

जब हर साल देश की राजधानी में वायु का हाल यह हो जाता है कि सांस लेना मुश्किल हो जाए, तो ऐसे उपाय ढूंढने जरूरी हो जाते हैं, जो वास्तव में समस्या का समाधान साबित हों। दिल्ली सरकार ने फिर से ऑड-ईवन स्कीम दिवाली के बाद शुरू करने का फैसला किया है।

21 अक्टूबर 2019

विज्ञापन

मतदान के लिए जागरुक करने का अनोखा तरीका, युवाओं की टोली रैप सॉन्ग गाकर कर रही वोटिंग की अपील

21 अक्टूबर को महाराष्ट्र और हरियाणा में हो रहे विधानसभा चुनावों में ज्यादा से ज्यादा लोगों के घरों से बाहर निकलकर वोट डालने की अपील करने के लिए मुंबई में युवाओं ने दिलचस्प तरीका निकाला है। देखें ये वीडियो

20 अक्टूबर 2019

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree