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बिजली-पानी को तरसी ढाई लाख आबादी
अमर उजाला ब्यूरो/बाराबंकी
Updated Sun, 28 Aug 2016 11:38 PM IST
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तेज धूप में हो रही जबरदस्त बिजली कटौती से लोग बिलबिला उठे हैं। रविवार को पूरे दिन आसमान से आग बरसती रही। वहीं दिन का पारा 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया गया है। लोगों का कहना है रात तथा दिन में कई चरणों में दो-दो घंटे की कटौती करने से 24 घंटे में महज 12 घंटे ही बिजली नसीब हो सकी। इससे कई मोहल्लों में पेयजल की भी समस्या बनी रही।
पावर कार्पोरेशन शहरवासियों को 24 घंटे में 20 घंटे बिजली देने का दावा कर रहा है। लेकिन रविवार को इस दावे की पोल खुल गई। शहरवासियों को 24 घंटे में महज 12 घंटे ही बिजली की आपूर्ति की जा सकी। इससे शहर की करीब ढाई की लाख की आबादी को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
लोगों का कहना है रात में पहले 9 बजे से 11 बजे तक बिजली काटी गई, इसके बाद 1 बजे रात को गई बत्ती 3 बजे आई। सुबह 7 बजे बिजली फिर चली गई और 9 बजे आई। दोपहर में एक बजे बिजली फिर चली गई और शाम तीन बजे आई। इसके अलावा भी रात से लेकर दिन तक कई चरणों में बिजली की कटौती की गई।
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जिससे लोगों को पेयजल की समस्या से भी जूझना पड़ा। जबकि सरकार चुनावी वर्ष को देखते हुए शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों को ज्यादा से ज्यादा बिजली देने का प्रयास कर रही है। लेकिन पावर कार्पोरेशन के अधिकारी सरकार की मंशा पर पानी फेर रहे हैं इन अधिकारियों की लापरवाही चुनावी वर्ष में सरकार को भारी पड़ सकती है।
इनवर्टर भी दे गए जवाब
रविवार को पूरे दिन आसमान से आग बरसती रही। दिन में न तो आसमान पर बादल छाए और न ही हवा ही चली। इससे लोग अपने घरों में ही दुबके रहे। लेकिन बिजली न होने की वजह से पक्के मकान भी आग की तरह तपते रहे। पर्याप्त बिजली न मिलने की वजह लोगों के घरों में लगे इनवर्टर भी जवाब दे गए। वहीं दिन का तापमान 40 डिग्री तो रात का तापमान 27 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
पल्हरी स्थित सब स्टेशन में तकनीकी दिक्कत आने की वजह से आकस्मिक बिजली की कटौती करनी पड़ी है। इसके अलावा पहले से निर्धारित शिड्यूल के अनुसार ही कटौती होती है अतिरिक्त कोई कटौती नहीं की जा रही है। प्रयास होता कि उपभोक्ताओं को ज्यादा से ज्यादा आपूर्ति दिलाई जा सके। लेकिन कभी-कभी लोकल फाल्ट भी आपूर्ति में बाधा बन जाते हैं। -आरपी सिंह, अधीक्षण अभियंता पावर कॉर्पोरेशन
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पावर कार्पोरेशन शहरवासियों को 24 घंटे में 20 घंटे बिजली देने का दावा कर रहा है। लेकिन रविवार को इस दावे की पोल खुल गई। शहरवासियों को 24 घंटे में महज 12 घंटे ही बिजली की आपूर्ति की जा सकी। इससे शहर की करीब ढाई की लाख की आबादी को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
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लोगों का कहना है रात में पहले 9 बजे से 11 बजे तक बिजली काटी गई, इसके बाद 1 बजे रात को गई बत्ती 3 बजे आई। सुबह 7 बजे बिजली फिर चली गई और 9 बजे आई। दोपहर में एक बजे बिजली फिर चली गई और शाम तीन बजे आई। इसके अलावा भी रात से लेकर दिन तक कई चरणों में बिजली की कटौती की गई।
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जिससे लोगों को पेयजल की समस्या से भी जूझना पड़ा। जबकि सरकार चुनावी वर्ष को देखते हुए शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों को ज्यादा से ज्यादा बिजली देने का प्रयास कर रही है। लेकिन पावर कार्पोरेशन के अधिकारी सरकार की मंशा पर पानी फेर रहे हैं इन अधिकारियों की लापरवाही चुनावी वर्ष में सरकार को भारी पड़ सकती है।
इनवर्टर भी दे गए जवाब
रविवार को पूरे दिन आसमान से आग बरसती रही। दिन में न तो आसमान पर बादल छाए और न ही हवा ही चली। इससे लोग अपने घरों में ही दुबके रहे। लेकिन बिजली न होने की वजह से पक्के मकान भी आग की तरह तपते रहे। पर्याप्त बिजली न मिलने की वजह लोगों के घरों में लगे इनवर्टर भी जवाब दे गए। वहीं दिन का तापमान 40 डिग्री तो रात का तापमान 27 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
पल्हरी स्थित सब स्टेशन में तकनीकी दिक्कत आने की वजह से आकस्मिक बिजली की कटौती करनी पड़ी है। इसके अलावा पहले से निर्धारित शिड्यूल के अनुसार ही कटौती होती है अतिरिक्त कोई कटौती नहीं की जा रही है। प्रयास होता कि उपभोक्ताओं को ज्यादा से ज्यादा आपूर्ति दिलाई जा सके। लेकिन कभी-कभी लोकल फाल्ट भी आपूर्ति में बाधा बन जाते हैं। -आरपी सिंह, अधीक्षण अभियंता पावर कॉर्पोरेशन