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दसवीं के रिजल्ट में भी पिछड़े सरकारी स्कूल
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
Updated Fri, 13 May 2016 12:10 PM IST
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63 पद भरने के लिए लिखित परीक्षा 17 जनवरी को हुई थी।
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दसवीं के बोर्ड परीक्षा परिणाम में सरकारी स्कूलों ने एक बार फिर से निराश किया है। जम्मू संभाग में 536 विद्यार्थियों ने पहली 20 पोजीशन हासिल की हैं और इनसें केवल पांच ही सरकारी स्कूल के विद्यार्थियों को पोजीशन मिल सकी, जबकि 531 पोजीशन पर निजी स्कूलों का ही कब्जा रहा है।
बोर्ड की तरफ से घोषित परीक्षा परिणामों में हमेशा ही निजी स्कूलों का दबदबा रहता है और सरकारी स्कूल निराश करते हैं। 2015 में सरकार ने सरकारी स्कूलों का स्तर बढ़ाने के लिए कई योजनाएं शुरू की थीं।
सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को दी जाने वाली सुविधाओं को बढ़ाया गया था। इससे शिक्षा विभाग पूरी उम्मीद लगाए बैठा था कि पोजीशन में इस बार सरकारी स्कूलों का भी दबदबा रहेगा, लेकिन जब परीक्षा परिणाम घोषित हुए तो सरकारी स्कूलों ने पूरी तरह से निराश किया है।
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केवल पांच विद्यार्थी ही सरकारी स्कूल से पोजीशन हासिल कर पाए, जबकि बाकी सभी पोजीशन निजी स्कूलों के विद्यार्थियों के ही नाम रहीं। वहीं खराब परीक्षा परिणाम के बाद शिक्षा विभाग ने खराब प्रदर्शन को लेकर मंथन करना शुरू कर दिया है।
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बोर्ड की तरफ से घोषित परीक्षा परिणामों में हमेशा ही निजी स्कूलों का दबदबा रहता है और सरकारी स्कूल निराश करते हैं। 2015 में सरकार ने सरकारी स्कूलों का स्तर बढ़ाने के लिए कई योजनाएं शुरू की थीं।
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सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को दी जाने वाली सुविधाओं को बढ़ाया गया था। इससे शिक्षा विभाग पूरी उम्मीद लगाए बैठा था कि पोजीशन में इस बार सरकारी स्कूलों का भी दबदबा रहेगा, लेकिन जब परीक्षा परिणाम घोषित हुए तो सरकारी स्कूलों ने पूरी तरह से निराश किया है।
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केवल पांच विद्यार्थी ही सरकारी स्कूल से पोजीशन हासिल कर पाए, जबकि बाकी सभी पोजीशन निजी स्कूलों के विद्यार्थियों के ही नाम रहीं। वहीं खराब परीक्षा परिणाम के बाद शिक्षा विभाग ने खराब प्रदर्शन को लेकर मंथन करना शुरू कर दिया है।