देहरादून के सबसे पुराने स्कूल में अब लड़कियों को भी मिलेगा एडमिशन
- 1947 में स्थापित हुआ था स्कूल, अब तक लड़कों को ही मिलता था दाखिला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राजधानी के सबसे पुराने स्कूलों में से एक अशासकीय विद्यालय सनातन धर्म इंटर कालेज (बन्नू) में इस शिक्षा सत्र से लड़कियों को भी दाखिला मिलेगा। प्रिंसिपल राजेश चंद्र शर्मा ने कहा कि बालिका शिक्षा को प्रोत्साहन देने के लिए स्कूल प्रबंधन समिति ने यह फैसला लिया है।
स्कूल प्रिंसिपल के मुताबिक इस शिक्षा सत्र से कक्षा 9 से हिंदी माध्यम के साथ अंग्रेजी माध्यम का एक अतिरिक्त अनुभाग शुरू किया गया है। स्कूल में अब तक केवल छात्रों को ही दाखिला दिया जाता था।
2016-17 से बालिकाओं को दिय जाएगा एडमिशन
स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष हरीश विरमानी की पहल पर बालिकाओं को भी दाखिला देने का फैसला किया गया है। इस शिक्षा सत्र 2016-17 से बालिकाओं को भी एडमीशन दिया जाएगा।
इतना ही नहीं स्कूल में निशुल्क कंप्यूटर शिक्षा के लिए 15 कंप्यूटर वाली लैब और कंप्यूटर टीचर स्कूल की ओर से उपलब्ध कराया गया है।
पहले पाकिस्तान में था स्कूल, देश बंटवारे के बाद किया गया शिफ्ट
स्कूल के प्रिंसिपल के मुताबिक 1947 में यह स्कूल पटेलनगर में एक छोटी सी जगह पर संचालित होता था। रेसकोर्स में इस स्कूल की शुरुआत 1956 में हुई थी। इससे पहले यह स्कूल पाकिस्तान के बन्नू शहर में था। देश के बंटवारे के बाद बनवाल बिरादरी के इस स्कूल को दून में शिफ्ट किया गया था।
स्कूल की खास बातें
- नौ जनवरी 1947 में पाकिस्तान के बन्नू शहर से स्कूल दून शिफ्ट हुआ।
- वर्तमान में रेसकोर्स में चार एकड़ भूमि पर स्कूल संचालित हो रहा है।
- कक्षा एक से आठवीं तक बच्चों को निशुल्क शिक्षा
पब्लिक स्कूलों की तरह होगी पढ़ाई
प्रदेश में सरकारी और अशासकीय स्कूलों में तेजी से घटती छात्र संख्या के चलते इन स्कूलों को भी अब पब्लिक स्कूलों की तर्ज पर शुरू किया जा रहा है। प्रदेश के हर ब्लॉक में पांच सरकारी स्कूलों को मॉडल विद्यालय के रूप में संचालित किया जा रहा है।
वहीं अशासकीय स्कूलों में भी बदलाव शुरू हो गए हैं। गांधी इंटर कालेज में पहले ही स्मार्ट क्लास शुरू हो चुकी है। अब अशासकीय स्कूल बन्नू स्कूल को भी पब्लिक स्कूल की तर्ज पर शुरू किया जा रहा है।