फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   fraud in engineering recruitment.

इंजीनियर, अफसरों की भर्ती में हो रही गड़बड़ी

Wed, 20 Apr 2016 07:44 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून Updated Wed, 20 Apr 2016 07:44 PM IST
विज्ञापन
fraud in engineering recruitment.
धोखा - फोटो : demo pic

भाजपा ने उत्तराखंड पावर कारपोरेशन में इंजीनियरों, अफसरों की भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता का आरोप लगाते हुए इसे रद्द करने की मांग की है। भाजपा ने इस संबंध में राज्यपाल को ज्ञापन भेजकर मांग की है कि पूरे प्रकरण की जांच कराई जाए। 

विज्ञापन


कैंट विधायक एवं पूर्व विधानसभा अध्यक्ष हरबंस कपूर, कालाढूंगी विधायक बंशीधर भगत और सांसद डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक के प्रतिनिधि महेश पांडे की ओर से बुधवार को राज्यपाल डॉ. केके पाल को अलग-अलग शिकायतें भेजी गई हैं। 
विज्ञापन


ज्ञापन में बताया कि पावर कारपोरेशन में असिस्टेंट इंजीनियर, विधि अधिकारी और लेखा अधिकारी की सीधी भर्ती के रिक्त पदों पर 50 प्रतिशत भर्ती की जानी थी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


सरकारी संस्था से कराई जानी चाहिए थी भर्ती
नियमों को ताक पर रखकर 50 के बजाय 60 प्रतिशत की विज्ञप्ति जनवरी में जारी कर भर्ती प्रक्रिया दिल्ली की एक निजी कंपनी से कराई जा रही है। जिसकी परीक्षा 24 अप्रैल को होने जा रही है। 

भाजपा का तर्क है कि चूंकि पावर कारपोरेशन राज्य सरकार का उपक्रम है, इसलिए इसमें भर्ती भी सरकारी संस्था से ही कराई जानी चाहिए। ताकि भर्ती प्रक्रिया की प्रमाणिकता बनी रही। 


पूर्व में जल विद्युत निगम में भी सरकारी संस्था से भर्ती प्रक्रिया संपन्न की जा चुकी है। हरिद्वार सांसद निशंक के प्रतिनिधि महेश पांडे ने बताया कि इस कंपनी में कारपोरेशन के कुछ वर्तमान और पूर्व अधिकारियों के रिश्तेदार हैं। 

जो पूर्व में भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी कर चुके हैं। इसलिए भर्ती प्रक्रिया को रोककर निजी कंपनी के बजाय सरकारी संस्था से कराई जाए। 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed