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पंजाब एंड सिंध बैंक ने गोल्डन जुबली होटल्स के अकाउंट को ‘फ्रॉड’ घोषित किया
Sun, 19 Apr 2020 02:12 AM IST
संजीव कुमार झा
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Sun, 19 Apr 2020 02:12 AM IST
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पंजाब एण्ड सिंध बैंक
- फोटो : social media
सार्वजनिक क्षेत्र के पंजाब एंड सिंध बैंक (पीएसबी) ने गोल्डन जुबली होटल्स के वसूली में फंसे एनपीए खाते को फ्रॉड घोषित कर दिया है। इस खाते पर बकाया राशि 86 करोड़ रुपये से अधिक है।
शेयर बाजारों को भेजी सूचना में बैंक ने कहा, ‘‘यह सूचित किया जाता है कि गोल्डन जुबली होटल्स के एनपीए खाते को रिजर्व बैंक की नियामकीय जरूरत के मुताबिक ‘धोखाधड़ी’ घोषित कर दिया गया है। इस खाते पर बकाया 86.40 करोड़ रुपये है और इसमें नुकसान के लिए बैंक ने 100 प्रतिशत पूंजी का प्रावधान किया है। ’’
होटल की वेबसाइट के अनुसार गोल्डन जुबली होटल्स प्राइवेट लि. तेलंगाना सरकार के पर्यटन एवं युवा विकास, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के साथ सार्वजनिक निजी भागीदारी वाला उपक्रम है।
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बैंक आफ बड़ौदा की अगुवाई में आठ सार्वजनिक बैंकों के समूह की ओर से होटल समूह को 27 फरवरी, 2018 को राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण् (एनसीएलटी) की हैदराबाद पीठ के पास कॉरपोरेट समाधान दिवाला प्रक्रिया (सीआरआईपी) के लिए भेजा गया था।
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शेयर बाजारों को भेजी सूचना में बैंक ने कहा, ‘‘यह सूचित किया जाता है कि गोल्डन जुबली होटल्स के एनपीए खाते को रिजर्व बैंक की नियामकीय जरूरत के मुताबिक ‘धोखाधड़ी’ घोषित कर दिया गया है। इस खाते पर बकाया 86.40 करोड़ रुपये है और इसमें नुकसान के लिए बैंक ने 100 प्रतिशत पूंजी का प्रावधान किया है। ’’
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होटल की वेबसाइट के अनुसार गोल्डन जुबली होटल्स प्राइवेट लि. तेलंगाना सरकार के पर्यटन एवं युवा विकास, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के साथ सार्वजनिक निजी भागीदारी वाला उपक्रम है।
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बैंक आफ बड़ौदा की अगुवाई में आठ सार्वजनिक बैंकों के समूह की ओर से होटल समूह को 27 फरवरी, 2018 को राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण् (एनसीएलटी) की हैदराबाद पीठ के पास कॉरपोरेट समाधान दिवाला प्रक्रिया (सीआरआईपी) के लिए भेजा गया था।