फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Personal Finance ›   now get loan for wedding as banks started new scheme

शादी में होने वाले खर्च को पूरा करने के लिए भी बैंक देते हैं लोन, अपनाना होगा ये तरीका

Tue, 28 Nov 2017 03:29 PM IST
amarujala.com- Written by: अनंत पालीवाल
amarujala.com- Written by: अनंत पालीवाल Updated Tue, 28 Nov 2017 03:29 PM IST
विज्ञापन
now get loan for wedding as banks started new scheme

शादियों का सीजन शुरू हो चुका है। अगर आपके भी घर में आने वाले दिनों में शादी है और आप का बजट बिगड़ गया है तो फिर घबराने की जरूरत नहीं है। अब आप इसके लिए भी आसानी से लोन ले सकते हैं। इसका सबसे बड़ा फायदा ये है कि आपको बैंक और NBFC कंपनियां बहुत कम ब्याज दर चार्ज कर रहे हैं। 

विज्ञापन


इतना देना होगा इंटरेस्ट रेट
आपको बैंक और एनबीएफसी कंपनियों से इस तरह के लोन पर जो इंटरेस्ट लगेगा वो 11 फीसदी से शुरू होगा। लेकिन इसके लिए आपको केवल प्राइवेट सेक्टर के बैंक से इस तरह की सुविधा मिलेगी। देश भर में केवल आईसीआईसीआई बैंक और टाटा कैपिटल इस तरह का लोन दे रहे हैं। 
विज्ञापन


20 हजार की सैलरी पर मिलेगा लोन
बैंक और एनबीएफसी कंपनियां ऐसे लोगों को लोन देंगी, जिनकी मासिक सैलरी 20 हजार रुपये से ज्यादा है और क्रेडिट स्कोर भी अच्छा होगा। मिनिमम क्रेडिट स्कोर 750 से ज्यादा होना चाहिए। इस लोन की मदद से आप शादी में होने वाले अपने खर्चों को आसानी से पूरा कर सकेंगे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

शादी पर होता है इतना खर्चा

now get loan for wedding as banks started new scheme

अगर आप एक भारतीय शादी पर नजर डालें तो अमूमन 60 फीसदी खर्चा खाने-पीने और वेडिंग हॉल को बुक करने में होता है। इसके बाद 20 फीसदी हिस्सा हनीमून पर, 10 फीसदी कपड़ों पर, 5 फीसदी सजावट पर और 5 फीसदी अन्य खर्चों पर होता है। 

जीएसटी से बढ़ गया है शादी का खर्च
जीएसटी के लागू होने के बाद सर्विस टैक्स मंहगा हो गया है। जीएसटी के बाद से सर्विस टैक्स 18 फीसदी हो गया है। ऐसे में आप शादी के लिए जो भी सर्विस को बुक करेंगे उस पर सर्विस चार्ज बढ़कर देना होगा।

अगर आपने कोई सर्विस बुक की है जिसको 1 लाख रुपये में बुक किया है तो उस पर 18 हजार रुपये टैक्स के तौर पर अतिरिक्त देना होगा। टैक्स एक्सपर्ट के मुताबिक ऐसे में टेंट, कैटरिंग, डेकोरेशन, फ्लॉवर डेकोरेशन सभी तरह की सर्विस पर जीएसटी देना ही होगा। 

गोल्ड, कपड़ों की खरीददारी भी हुई महंगी
गोल्ड और कपड़ों की खरीद पर पहले जीएसटी नहीं लगता था। लेकिन जुलाई के बाद से गोल्ड पर 3 फीसदी और ब्रांडेड कपड़ों पर 5 व 12  फीसदी  की दर से जीएसटी लगने लगा है। 1000 रुपये से नीचे के कपड़ो पर 5 एवं इससे अधिक मूल्य के कपड़ों पर 12 फीसदी टैक्स लगता है। इससे कपड़े भी महंगे हो गए हैं।

वहीं सोने-चांदी की खरीद पर जीएसटी के अलावा पैन कार्ड, केवाईसी और 13 फीसदी तक मेकिंग चार्ज भी देना होगा। ऐसे में शादी करना भी काफी महंगा हो गया है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Budget 2022 से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed