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कारोबारी मार्च तक कर सकते हैं आईटीसी का क्लेम
Fri, 04 Jan 2019 05:03 AM IST
Avdhesh Kumar
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: Avdhesh Kumar
Updated Fri, 04 Jan 2019 05:03 AM IST
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वित्त मंत्रालय ने कारोबारी इकाइयों को मार्च, 2019 तक वित्त वर्ष 2017-18 का इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) क्लेम करने की अनुमति दी है। इसका भुगतान इकाइयों के आपूर्तिकर्ता की ओर से दाखिल रिटर्न से मिलान के बाद ही किया जाएगा।
इससे पहले आईटीसी क्लेम करने की अंतिम तिथि 25 अक्तूबर, 2018 थी। कर विशेषज्ञों का कहना है कि पहले आईटीसी का क्लेम कारोबारी के इनवॉयस, कर भुगतान और रिटर्न के आधार पर किया जाता था। लेकिन केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) ने अपने हालिया आदेश में स्पष्ट किया है कि आईटीसी क्लेम का मिलान जीएसटीआर-2ए से किया जाना जरूरी है।
जीएसटीआर-2ए आपूर्तिकर्ता द्वारा रिटर्न दाखिल करने पर सिस्टम से ऑटोजेनरेट होता है। इसी कारण सीबीआईसी ने गजट नोटिफिकेशन जारी करते हुए बताया कि जीएसटी लागू होने के पहले वित्त वर्ष यानी जुलाई, 2017 से मार्च, 2018 तक का आईटीसी क्लेम 31 मार्च, 2019 तक किया जा सकेगा। गौरतलब है कि जीएसटी 1 जुलाई, 2017 से लागू किया गया था।
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गलतियों में कर सकेंगे सुधार
सीबीआईसी ने कारोबारियों को अंतिम बिक्री रिटर्न दाखिले में हुई गलतियों को सुधारने का भी मौका दिया है। इससे कारोबारियों को जनवरी से मार्च, 2019 तक आईटीसी क्लेम करते समय जुलाई, 2017 से मार्च, 2018 के बीच दाखिल जीएसटीआर-1 में हुई किसी गलती या बदलाव को सुधारने की अनुमति होगी।
इस छूट से लाखों करदाताओं को लाभ मिलेगा और अरबों रुपये का टैक्स क्रेडिट क्लेम किया जा सकेगा। हालांकि इससे आने वाले तीन महीनों के दौरान कर संग्रहण में कमी आ सकती है।
-रजत मोहन, पाटर्नर, एएमआरजी एंड एसोसिएट्स
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इससे पहले आईटीसी क्लेम करने की अंतिम तिथि 25 अक्तूबर, 2018 थी। कर विशेषज्ञों का कहना है कि पहले आईटीसी का क्लेम कारोबारी के इनवॉयस, कर भुगतान और रिटर्न के आधार पर किया जाता था। लेकिन केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) ने अपने हालिया आदेश में स्पष्ट किया है कि आईटीसी क्लेम का मिलान जीएसटीआर-2ए से किया जाना जरूरी है।
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जीएसटीआर-2ए आपूर्तिकर्ता द्वारा रिटर्न दाखिल करने पर सिस्टम से ऑटोजेनरेट होता है। इसी कारण सीबीआईसी ने गजट नोटिफिकेशन जारी करते हुए बताया कि जीएसटी लागू होने के पहले वित्त वर्ष यानी जुलाई, 2017 से मार्च, 2018 तक का आईटीसी क्लेम 31 मार्च, 2019 तक किया जा सकेगा। गौरतलब है कि जीएसटी 1 जुलाई, 2017 से लागू किया गया था।
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गलतियों में कर सकेंगे सुधार
सीबीआईसी ने कारोबारियों को अंतिम बिक्री रिटर्न दाखिले में हुई गलतियों को सुधारने का भी मौका दिया है। इससे कारोबारियों को जनवरी से मार्च, 2019 तक आईटीसी क्लेम करते समय जुलाई, 2017 से मार्च, 2018 के बीच दाखिल जीएसटीआर-1 में हुई किसी गलती या बदलाव को सुधारने की अनुमति होगी।
इस छूट से लाखों करदाताओं को लाभ मिलेगा और अरबों रुपये का टैक्स क्रेडिट क्लेम किया जा सकेगा। हालांकि इससे आने वाले तीन महीनों के दौरान कर संग्रहण में कमी आ सकती है।
-रजत मोहन, पाटर्नर, एएमआरजी एंड एसोसिएट्स