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पे कमीशनः कर्मचारियों को करना होगा 1 जून तक का इंतजार, सरकार ने दिया भरोसा

Thu, 25 May 2017 05:14 PM IST
amarujala.com, Presented By: अनंत पालीवाल
amarujala.com, Presented By: अनंत पालीवाल Updated Thu, 25 May 2017 05:14 PM IST
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government employees had to wait till this month for enactment of seventh pay commission
केंद्रीय कर्मचारियों को सातवें पे कमीशन का लाभ 1 जून से पहले नहीं मिलेगा। इसके लिए केंद्र सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों को सरकार की तरफ से कैबिनेट सेकेट्री ने भरोसा दिया है कि अगले महीने से इसका लाभ कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को मिलने लगेगा। इससे पहले खबरें आ रही थी कि सरकार इसको 24 मई से लागू कर देगी। 
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सरकार द्वारा फैसला न लेने के बाद केंद्रीय कर्मचारियों से जुड़े एक प्रतिनिधिमंडल ने कैबिनेट सेकेट्री पी के सिन्हा से गुरुवार को मुलाकात करने के बाद इस बात की घोषणा की। सिन्हा ने कहा कि इस मुद्दे को लेकर के सचिवों का समूह (ECoS) पे कमीशन पर बनी अशोक लवासा रिपोर्ट को देख रही है। इससे पहले एलाउंस पर वित्त सचिव अशोक लवासा की देखरेख पर बनी कमेटी ने अपनी रिव्यू रिपोर्ट वित्त मंत्रालय को सौंप दी थी। 
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भत्तों को लेकर सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों पर कमर्चारियों ने विरोध जताया था। इसके बाद केंद्र सरकार ने इस पर कमिटी का गठन किया।

बता दें कि आयोग ने मकान किराए भत्ते (HRA) को मूल वेतन के 30 प्रतिशत से घटाकर 24 प्रतिशत करने की सिफारिश की थी। छठें वेतन आयोग में मकान किराए भत्ते को 30 प्रतिशत करने का प्रावधान किया गया था।
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खबरों के मुताबिक मकान किराए भत्ते को लेकर अशोक लवासा के नेतृत्व वाली कमिटी मौजूदा HRA स्लैब को मेट्रो शहरों के लिए 30 प्रतिशत करने की सिफारिश कर सकती है। इस मुद्दे पर जल्द ही घोषणा होने उम्मीद है।

क्या है पूरा मामला

government employees had to wait till this month for enactment of seventh pay commission

1. भत्ता केंद्र सरकार के कमर्चारियों की सैलरी का अहम हिस्सा होता है। ऐसे में जब आयोग ने भत्ता घटाने की सिफारिश की, तो कमर्चारियों ने विरोध का स्वर बुलंद कर दिया।
2. सातवें वेतन आयोग ने कर्मचारियों के लिए मौजूदा 196 भत्तों में से 53 को खत्म करने और कुछ को अन्य के साथ समाहित करने की सिफारिश की थी।
3. आयोग द्वारा मूल वेतन में 14.27 प्रतिशत की बढ़ोतरी करने की सिफारिश पिछले 70 सालों में किसी आयोग द्वारा की गई सबसे कम है। इसके साथ भत्ते में कटौती लगभग 50 लाख केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी में बड़ा अंतर पैदा कर देता।
4. भत्ते पर आयोग की सिफारिशों की समीक्षा के लिए केंद्र सरकार ने वित्त सचिव अशोक लवासा की अगुवाई में कमिटी का गठन किया।
5. शुरुआत में कमिटी को अपनी रिपोर्ट वित्तमंत्री को सौंपने के लिए चार महीने का समय दिया गया था। खबरों के मुताबिक पिछले साल अक्टूबर में अशोक लवासा ने कहा था कि वे अपनी रिपोर्ट तैयार कर चुके हैं।
6. हालांकि बाद में कमिटी को रिपोर्ट सौंपने के लिए 22 फरवरी 2017 का वक्त मिला। सातवें वेतन आयोग के अनुमान के मुताबिक भत्ते में बढ़ोत्तरी के बाद पहले साल 29,300 करोड़ रुपये का भार केंद्र सरकार पर आएगा।
7. कुछ खबरों के मुताबिक पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव पूरा होने के बाद केंद्र सरकार संशोधित भत्ते को मंजूरी दे सकती है। संशोधित भत्ते 1 अप्रैल से लागू होंगे। इसी दिन नया वित्त वर्ष शुरू होगा। 
पीसीएस : डिप्टी कलेक्टर

वर्तमान में पा रहे : वेतनमान : 15600
ग्रेड पे : 5400
डीए : मूल वेतन का 125 फीसदी
नकद प्राप्ति : वेतनमान 15600+ ग्रेड पे 5400+(21000 का 125 प्रतिशत)
=21000+(26250)
= 21000+26250
= 47250

नए फार्मूले के अनुसार :
21000× 2.57 = 53970
नई वेतन मैट्रिक्स में मौजूदा 15600 रुपये वेतनमान व 5400 रुपये ग्रेड पे के लिए पहला स्लैब 56100 रुपये है। फार्मूले से प्राप्त रकम पहले स्लैब से कम है। नियम के मुताबिक वेतन मैट्रिक्स में पहले लेबल के स्लैब का वेतन 56100 रुपये बनेगा।
नया वेतन- 56100
फायदा = नई मैट्रिक्स में वेतन- पुराना वेतन
= 56100-47250
फायदा = 8850

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