Reliance: 'अगले 20-25 साल भारत के नाम, 8-10% ग्रोथ की क्षमता'; ब्लैक रॉक के सीईओ और मुकेश अंबानी का बड़ा बयान
ब्लैक रॉक के सीईओ लॉरी फिंक ने कहा कि अगले 20-25 साल भारत के होंगे और देश आने वाले वर्षों में 8-10% की मजबूत आर्थिक वृद्धि कर सकता है। उन्होंने भारत को निवेश के लिए सबसे आकर्षक देशों में से एक बताया।
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रिलायंस इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष मुकेश अंबानी ने कहा है कि भारत में लंबे समय तक दोहरे अंकों की आर्थिक वृद्धि पूरी तरह संभव है और किसी भी देश की प्रगति की बुनियाद स्थिर आर्थिक नेतृत्व से तय होती है। वह जीयोब्लैकरॉक के एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
ऊर्जा जरूरतों को लेकर क्या जताई उम्मीद?
अंबानी ने कहा कि अगले एक दशक में भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों का करीब 80 प्रतिशत आयात नहीं करेगा, जिससे देश की आत्मनिर्भरता और मजबूत होगी। उन्होंने डिजिटल बुनियादी ढांचे पर जोर देते हुए कहा कि आज भारत के हर गांव में 5G नेटवर्क उपलब्ध है, जो दुनिया के किसी भी देश की तुलना में बेहतर और सस्ता है।
100 नई रिलायंस उभरते देख सकता हूं- अंबानी
उन्होंने आर्थिक विकास के लिए कानून-व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द को जरूरी बताते हुए कहा कि 15-20 वर्षों तक स्थिर कानून-व्यवस्था और सामाजिक समरसता विकास की पूर्वशर्त है। अंबानी ने भरोसा जताया, “मैं देश में 100 नई रिलायंस उभरती हुई साफ देख सकता हूं।”
20-30 वर्षों में भारत दुनिया से आगे निकल सकता है
अंबानी ने कहा कि भारत आज करीब 4.5 ट्रिलियन डॉलर की जीडीपी के साथ 110 ट्रिलियन डॉलर की वैश्विक अर्थव्यवस्था में तेजी से अपनी जगह बना रहा है। उन्होंने कहा कि मुझे भारत को दुनिया से तेजी से बढ़ते देखना अच्छा लगता है। मेरा विश्वास है कि अगले 20-30 वर्षों में भारत बाकी दुनिया से आगे निकल सकता है और 25-30 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बन सकता है।
अंबानी ने आगे कहा कि तकनीकी ब्रेकथ्रू के रास्ते भारत ऊर्जा के क्षेत्र में काफी हद तक आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बढ़ रहा है। उन्होंने 1.4 अरब लोगों के लिए आधुनिक तकनीक से भौतिक अवसंरचना खड़ी करने की जरूरत पर जोर देते हुए कहा कि इसमें सैकड़ों अरब डॉलर के निवेश की संभावना है। उन्होंने कहा कि ये निवेश लंबे समय में टिकाऊ और कंपाउंडिंग रिटर्न देंगे। इसके लिए घरेलू और विदेशी दोनों तरह की स्थायी पूंजी की आवश्यकता होगी।
भारत की डिजिटल पहलों को मिली सराहना
इसी कार्यक्रम में ब्लैकरॉक के सीईओ लॉरी फिंक ने इसे भारत का युग करार देते हुए मोदी सरकार की डिजिटल पहलों की सराहना की। फिंक ने कहा कि रुपये के डिजिटलीकरण ने देशभर में वाणिज्य को बदल दिया है और अन्य देश यहां तक कि अमेरिका भी इस मामले में पीछे छूटते दिख रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत की विकास कहानी को अल्पकालिक राजनीतिक या बाजार उतार-चढ़ाव से नहीं, बल्कि दीर्घकालिक दृष्टि से देखना चाहिए।