रेलवे ने यात्रियों को दिया नए साल का तोहफा, बेस किराये में छूट
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रेलवे ने यात्रियों को नए साल का तोहफा देते हुए चार्ट बनने के बाद रिजर्वेशन करवाने वालों को यात्री किराये में छूट देने का फैसला किया है। रेलवे की नई व्यवस्था के तहत अब ट्रेन छूटने के चार घंटे पहले तक अगर उसमें बर्थ खाली है तो यात्रियों को दस फीसदी की छूट मिल सकेगी।
यह सुविधा उन यात्रियों को मिलेगी जो पहला चार्ट बनने के बाद रिजर्वेशन करवाएंगे, उन्हें ही बेस किराये में ये रियायत मिल सकेगी। प्रयोग के तौर पर रेलवे यह व्यवस्था अभी चार माह के लिए करने जा रहा है। बोर्ड की ओर से भेजा गया सर्कुलर उत्तर मध्य रेलवे (एनसीआर) को मिल गया है। प्रयोग के तौर पर रेलवे की यह स्कीम तत्काल प्रभाव से 30 अप्रैल तक लागू रखने का निर्देश रेलवे बोर्ड ने दिया है। बोर्ड के डायरेक्टर पैसेंजर मार्केटिंग विक्रम सिंह ने इस आशय का पत्र सभी एनसीआर समेत जोनल रेलवे के चीफ कामर्शियल मैनेजर को भेजा है।
दरअसल कुछ जोनल रेलवे से चलने वाली तमाम ट्रेनें ऐसी है जिसमें छुट्टियों एवं त्योहारों के अलावा अन्य समय में 10 से 20 फीसदी बर्थ खाली रह जाती है। रेलवे ने पिछले साल इसके लिए एक सर्वे भी तमाम जोनल रेलवे में कराया था। उसके बाद ही यह निर्णय लिया गया। इसके तहत चलती ट्रेन में टीटीई भी किसी यात्री को बर्थ अलॉट करेगा तो उसे भी बेस फेयर में दस फीसदी की छूट मिल जाएगी। यात्रियों को इस योजना के तहत दी जाने वाली सीटों पर संबंधित ट्रेन का सुपर फास्ट चार्ज और सर्विस टैक्स पहले की ही तरह देना होगा।
एनसीआर की तमाम ट्रेनें रहती हैं फुल
रेलवे की इस स्कीम का लाभ एनसीआर की प्रमुख ट्रेनों में शायद ही मिल सके। दरअसल एनसीआर की प्रयागराज एक्सप्रेस, दिल्ली दुरंतो, श्रमशक्ति एक्सप्रेस, संगम एक्सप्रेस, इलाहाबाद-जयपुर एक्सप्रेस आदि ट्रेनें नियमित रूप से फुल जाती है।
ऐसे में इन ट्रेनों में पहली चार्टिंग के बाद यात्रियों को शायद ही बर्थ उपलब्ध हो सक। हालांकि कभी कभार इलाहाबाद-हरिद्वार, इलाहाबाद-अहमदाबाद, नौचंदी एक्सप्रेस आदि ट्रेनों में चार्टिंग के बाद बर्थ खाली रह जाती है।