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जीएसटी प्रणाली: ई-वे बिल रोकने के लिए कर भुगतान और मासिक रिटर्न की होगी जांच
Wed, 06 Oct 2021 02:24 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, नई दिल्ली।
एजेंसी, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Wed, 06 Oct 2021 02:24 AM IST
सार
वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) के तकनीक पक्षों को देखने वाली कंपनी जीएसटीएन ने कहा कि ई-वे बिल पोर्टल पर सभी करदाताओं के लिए ई-वे बिल निकालने की सुविधा को रोकने की प्रक्रिया को फिर से शुरू कर दिया गया है।
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ई-वे बिल
- फोटो : social media
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विस्तार
कोरोना संक्रमण के मामलों में कमी को देखते हुए पोर्टल पर सभी करदाताओं के लिए ई-वे बिल निकालने की सुविधा को रोकने की प्रक्रिया फिर शुरू हो गई है। इस सुविधा के शुरू हो जाने के बाद जीएसटी प्रणाली अगस्त से मासिक रिटर्न दाखिल करने और कर भुगतान की नियमित रूप से जांच करेगी। जीएसटी नेटवर्क (जीएसटीएन) ने कहा कि अनुपालन नहीं होने की स्थिति करदाताओं को ई-वे बिल निकालने से रोक दिया जाएगा।
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अगस्त, 2021 से जीएसटी प्रणाली समय-समय पर फॉर्म जीएसटीआर-3बी के रिटर्न दाखिल होने की स्थिति या फॉर्म जीएसटी सीएमपी-08 में दाखिल किए गए बयानों की नियमित प्रक्रिया के तहत जांच करेगी और नियमानुसार ई-वे बिल को रोक दिया जाएगा।
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केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) ने पिछले साल कोविड-19 महामारी के दौरान अनुपालन संबंधी राहत देने के लिए रिटर्न दाखिल नहीं करने वालों के लिए ई-वे बिल निकालने पर रोक को निलंबित कर दिया था।
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जीएसटी वसूली बढ़ने की उम्मीद
जीएसटीएन ने इस साल अगस्त में करदाताओं से कहा था कि सरकार ने अब सभी करदाताओं के लिए ईडब्ल्यूबी पोर्टल पर ई-वे बिल निकालने पर रोक को 15 अगस्त से फिर बहाल करने का फैसला किया है।
इस तरह, 15 अगस्त, 2021 के बाद जीएसटी प्रणाली दाखिल किए गए रिटर्न की जांच करेगा और जरूरी होने पर ई-वे बिल सृजित करने पर रोक लगाएगा।
एएमआरजी एसोसिएट्स के वरिष्ठ साझेदार रजत मोहन ने कहा कि महामारी की दूसरी लहर के बाद कारोबारी गतिविधियों शुरू होने के बाद सरकार अब जीएसटी वसूली बढ़ाने और अनुपालन पर ध्यान केंद्रित कर रही है। इस फैसले से त्योहारी सीजन के साथ चालू महीने में कर संग्रह बढ़ने की उम्मीद है।