BIMSTEC: बिम्सटेक देशों के बीच सहयोग बढ़ाने के लिए पीएम मोदी की पहल, 21 सूत्री कार्ययोजना का रखा प्रस्ताव
BIMSTEC: छठे बिम्सटेक शिखर सम्मेलन को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि यह समूह वैश्विक भलाई को आगे बढ़ाने के उद्देश्य के लिए एक महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने कहा हम इसे मजबूत करें और अपने संबंधों को गहरा करें, यह जरूरी है। पीएम ने आपसी सहयोग बढ़ाने के लिए 21 सूत्री कार्ययोजना का प्रस्ताव भी रखा। आइए इस बारे में विस्तार से जानें।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को थाईलैंड में आयोजित बिम्सटेक शिखर सम्मेलन के दौरान 21 सूत्री कार्ययोजना का प्रस्ताव रखा। इस प्रस्ताव में भारत के यूपीआई को बिम्सटेक देशों की भुगतान प्रणालियों से जोड़ना और समूह के सदस्यों के बीच जुड़ाव को मजबूत करने के लिए बिम्सटेक चैंबर ऑफ कॉमर्स की स्थापना करना शामिल है।
छठे बिम्सटेक शिखर सम्मेलन को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि यह समूह वैश्विक भलाई को आगे बढ़ाने के उद्देश्य के लिए एक महत्वपूर्ण मंच है। मोदी ने एक्स पर लिखा, "यह जरूरी है कि हम इसे मजबूत करें और अपने संबंधों को गहरा करें। इस बारे में, मैंने हमारे सहयोग के विभिन्न पहलुओं को शामिल करते हुए 21 सूत्री कार्य योजना का प्रस्ताव रखा है।"
Attending the 6th BIMSTEC summit in Thailand, PM Modi says, "BIMSTEC is an important forum to further global good. It is imperative we strengthen it and deepen our engagement. In this context, I proposed a 21-point Action Plan covering different aspects of our cooperation."… pic.twitter.com/tioXgFROot
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) April 4, 2025
कार्ययोजना में मानव संसाधन के संगठित विकास के लिए बोधि या बिम्सटेक पहल भी शामिल है। इसके तहत हर साल बिम्सटेक देशों के 300 युवाओं को भारत में प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "बिम्सटेक में क्षमता निर्माण ढांचे का एक शानदार उदाहरण बनने की क्षमता है। हम सभी एक-दूसरे से सीखेंगे और आगे बढ़ेंगे।"
योजना के तहत, उन्होंने डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना (डीपीआई) के अनुभव को साझा करने के लिए बिम्सटेक देशों की जरूरतों को समझने हेतु एक पायलट अध्ययन का प्रस्ताव रखा। मोदी ने कहा, "इसके अलावा, मैं भारत के एकीकृत भुगतान इंटरफेस (यूपीआई) को बिम्सटेक क्षेत्र में भुगतान प्रणालियों से जोड़ने का प्रस्ताव करता हूं। इससे व्यापार, उद्योग और पर्यटन को सभी स्तरों पर लाभ होगा।" उन्होंने कहा, "आइए आईटी क्षेत्र की समृद्ध क्षमता का दोहन करें और बिम्सटेक को तकनीकी रूप से अधिक मजबूत बनाएं।"