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आईएमएफ: क्रिप्टो और डिजिटल करेंसी को रेगुलेट करना भारत के एजेंडे में सबसे ऊपर
Thu, 21 Apr 2022 04:08 AM IST
देव कश्यप
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: देव कश्यप
Updated Thu, 21 Apr 2022 04:08 AM IST
सार
आईएमएफ और विश्व बैंक की वार्षिक बैठक के दौरान फाइनेंशियल काउंसिलर और मॉनिटरी एवं कैपिटल मार्केट्स विभाग के निदेशक टोबियास एड्रियन ने कहा कि विकास के नए अवसरों को भारत में बहुत उत्साह के साथ देखा जा रहा है। हम हमेशा से ही इस बात को महत्व देते हैं कि यह विकास सर्व समावेशी है और सभी लोगों तक पहुंच रहा है। लेकिन भारत में हमारा सामान्य नजरिया काफी सकारात्मक है।
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आईएमएफ।
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
अंतरराष्ट्रीय मौद्रिक कोष (आईएमएफ) के एक शीर्ष अधिकारी ने कहा कि मध्यम अवधि में क्रिप्टो की संपत्तियों और डिजिटल मुद्राओं का विनियमन (रेगुलेशन) करना भारत के एजेंडे में सबसे ऊपर है। देश को आने वाले वर्षों में इसका समाधान तलाशना होगा। इसके मुताबिक, इसके साथ ही बैंकिंग क्षेत्र की बाकी चिंताओं और वैश्विक अर्थव्यवस्थाओं के साथ एकीकृत करना भी इसके मुद्दे में शामिल है।
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फाइनेंशियल काउंसिलर और मॉनिटरी एवं कैपिटल मार्केट्स विभाग के निदेशक टोबियास एड्रियन ने बताया कि कुल मिलाकर आईएमएफ भारत को बहुत ही सकारात्मक तरीके से देख रहा है। मुझे लगता है कि ढेर सारे अवसर और विकास भारत में वापस आ रहे हैं और यह सुधार की एक प्रक्रिया है।
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भारत में उत्साह के साथ देखा जा रहा है विकास के अवसरों को
आईएमएफ और विश्व बैंक की वार्षिक बैठक के दौरान उन्होंने कहा कि विकास के नए अवसरों को भारत में बहुत उत्साह के साथ देखा जा रहा है। हम हमेशा से ही इस बात को महत्व देते हैं कि यह विकास सर्व समावेशी है और सभी लोगों तक पहुंच रहा है। लेकिन भारत में हमारा सामान्य नजरिया काफी सकारात्मक है।
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भारत को फायदा हो रहा है
उन्होंने कहा कि अंत में, वैश्विक वित्तीय व्यवस्था और वैश्विक ट्रेड का हिस्सा होने से भारत को काफी फायदा हो रहा है। भारत कई सारे उत्पाद का निर्यात कर सकता है, यह उत्पादों का आयात कर सकता है यह आंतरिक तौर पर पैसे भी जुटा सकता है और यह बाहरी प्रोजेक्ट के लिए फंडिंग भी कर सकता है।
वैश्विक स्तर पर रेगुलेशन किया जाता है
एड्रियन ने क्रिप्टो की संपत्तियों के रेगुलेशन के बारे में उन्होंने कहा कि यह कुछ ऐसा है जो वैश्विक स्तर पर किया जाता है। वित्तीय स्थिरता के चलते हम क्रिप्टो असेट्स नियमों के लिए वैश्विक मानकों के साथ आने की कोशिश कर रहे हैं। मुझे लगता है कि भारत के लिए भी इसे अपनाना महत्वपूर्ण हो गया है।
टैक्स के नियमों में बदलाव
एड्रियन ने कहा कि मुझे पता है कि भारत ने क्रिप्टो को लेकर टैक्स के नियमों को लागू किया है और यह एक स्वागतयोग्य कदम है। साथ ही भारतीय रिजर्व बैंक भी डिजिटल मुद्रा लाने की योजना पर काम कर रहा है। यह योजना वित्तीय समावेशन और वित्तीय विकास के लिए काफी महत्वपूर्ण हो सकती है। इसे हम बारीकी से देख रहे हैं कि भारत इस मोर्चे पर क्या कर रहा है।
अस्पताल उद्योग के राजस्व में आ सकती है कमी
रेटिंग एजेंसी इक्रा ने कहा है कि घरेलू अस्पताल उद्योग के राजस्व की वृद्धि दर 2022-23 में कम रह सकती है। हालांकि आय और फायदा ठीक-ठाक रह सकता है। एक बयान में इसने कहा आगे के आधार पर ऐसी उम्मीद है कि प्रति बिस्तर राजस्व धीरे-धीरे आगे बढ़ सकता है। इसके मुताबिक, तीसरी तिमाही में हॉस्पिटल कंपनियां मजबूत प्रदर्शन की है क्योंकि ओमिक्रॉन के कारण मरीजों की संख्या बढ़ी और साथ ही सर्जरी जैसे सेगमेंट ने ज्यादा अच्छा प्रदर्शन किया।
एचडीएफसी कैपिटल में बिकेगी 10 फीसदी हिस्सेदारी
एचडीएफसी लिमिटेड ने कहा है कि वह एचडीएफसी कैपिटल में 10 फीसदी हिस्सेदारी बेचने की योजना बना रही है। यह हिस्सा अबूधाबी इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी को 184 करोड़ रुपये में बेचेगी। अबूधाबी इन्वेस्टमेंट एचडीएफसी कैपिटल में शुरुआती निवेशक भी है। 2016 में एचडीएफसी कैपिटल को शुरू कि या गया था।