Biz Updates: भारत और स्पेन के बीच डिजिटल भुगतान होगा आसान; कंबोडिया एयरवेज-कोमैक के बीच 12,740 करोड़ का समझौता
भारत और स्पेन ने दोनों देशों के बीच डिजिटल भुगतान को आसान बनाने की दिशा में पहल की है। दोनों देश भारत की यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) और स्पेन के बिजुम डिजिटल भुगतान मंच को आपस में जोड़ने के लिए तकनीकी स्तर पर बातचीत तेज करेंगे। इससे भविष्य में दोनों देशों के बीच भुगतान की प्रक्रिया अधिक सरल और तेज हो सकेगी। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल की हालिया स्पेन यात्रा के दौरान यह सहमति बनी। इससे पहले अक्तूबर 2024 में भारत दौरे पर आए स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज ने मुंबई में भगवान गणेश की प्रतिमा खरीदी थी। इसके लिए उन्होंने यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) का इस्तेमाल किया। आसानी से हुए इस लेनदेन के बाद सांचेज ने यूपीआई की सराहना की। उन्होंने कहा था कि भारत और यूरोपीय संघ एफटीए पर बातचीत को आगे बढ़ाने के लिए उत्सुक हैं।
कंबोडिया एयरवेज-कोमैक के बीच 20 विमानों की डील, लागत करीब 12,740 करोड़
कमर्शियल एयक्राफ्ट कॉरपोरेशन ऑफ चाइना (कोमैक) के अनुसार, कंबोडिया एयरवेज ने हाल ही में चीन के शांगहाई शहर में कोमैक के साथ 20 सी909 विमान खरीदने के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। सी909 एक 90 सीटों वाला, अल्प और मध्यम दूरी का टर्बोफैन क्षेत्रीय जेट है, जिसे चीन ने स्वतंत्र रूप से विकसित किया है। यह मुख्य रूप से छोटे और मध्यम आकार के शहरों और प्रमुख हवाई अड्डों के बीच परिवहन के लिए उपयोग किया जाता है, और पहले ही इंडोनेशिया, लाओस और वियतनाम जैसे विदेशी बाजारों में इसका विस्तार हो चुका है। दोनों देशों या समझौते में शामिल पक्षों की तरफ से राशि का खुलासा नहीं किया गया है। हालांकि, कुछ रिपोर्ट्स में अनुमान लगाया गया है कि समझौता हजारों करोड़ रुपये का है। एक रिपोर्ट के मुताबिक जिस एमओयू पर हस्ताक्षर हुए हैं वह करीब 1.52 बिलियन अमेरिकी डॉलर का है। यानी 20 विमानों की एवज में कंबोडिया चीनी कंपनी को भारतीय करेंसी के हिसाब से 12,740 करोड़ रुपये से अधिक राशि का भुगतान करेगी। हालांकि, इस राशि के बारे में आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
मालदीव के विदेश मंत्री इरुथिशाम आदम और युवा सशक्तीकरण, खेल एवं फिटनेस मंत्री अब्दुल्ला रफीउ ने भारत सरकार के उदार सहयोग के लिए आभार जताया। भारत और मालदीव के बीच मालदीव के समुदायों के विकास के लिए एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर होने के बाद दोनों मंत्रियों ने कहा कि भारत की इस मदद से मालदीव के लोगों के जीवन में बड़ा सकारात्मक बदलाव आएगा। मालदीव के विदेश मंत्रालय ने बताया, 'मालदीव सरकार (जीओएम) और भारत सरकार (जीओआई) ने भारत की अनुदान सहायता योजना 'हाई इम्पैक्ट कम्युनिटी डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स (एचआईसीडीपी)' के तहत 42 द्वीपों में फिटनेस और मनोरंजन केंद्रों के लिए उपकरण उपलब्ध कराने को लेकर समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। यह हस्ताक्षर समारोह विदेश मंत्रालय में आयोजित हुआ, जो दोनों देशों के लगातार मजबूत होते रिश्तों में एक और अहम कदम है।' इस समझौते पर मालदीव सरकार की ओर से विदेश मंत्री इरुथिशम ने हस्ताक्षर किए। भारत की ओर से मालदीव में भारत के उच्चायुक्त जी. बालासुब्रमण्यम ने हस्ताक्षर किए, जबकि इस परियोजना को लागू करने वाली एजेंसी की ओर से मंत्री अब्दुल्ला राफिउ ने दस्तखत किए। समारोह के दौरान विदेश मंत्री इरुथिशम एडम ने कहा कि 42 द्वीपों में फिटनेस और मनोरंजन केंद्रों के लिए उपकरण उपलब्ध कराना वहां के लोगों के स्वास्थ्य और बेहतर जीवन के लिए एक महत्वपूर्ण निवेश है। विदेश मंत्री इरुथिशम ने भारत सरकार और भारत की जनता का विशेष धन्यवाद किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भी सराहना की और कहा कि दोनों देशों के रिश्तों को मजबूत बनाने में उनकी व्यक्तिगत प्रतिबद्धता अहम रही है।