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अगस्त में RBI दे सकता है बड़ा तोहफा, रेपो रेट में 0.50 फीसदी कटौती की उम्मीद

Fri, 26 Jul 2019 11:16 AM IST
paliwal पालीवाल बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: paliwal पालीवाल Updated Fri, 26 Jul 2019 11:16 AM IST
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rbi can further cut repo rate in august by 50 bps
RBI

भारत की सुस्त अर्थव्यवस्था को गति देने के लिए रिजर्व बैंक लगातार चौथी बार रेपो रेट में कटौती कर सकता है। एक सर्वे में अर्थशास्त्रियों ने कहा कि अगस्त के पहले सप्ताह में होने वाली मौद्रिक नीति समिति की बैठक में आरबीआई अपने नरम रुख को बरकरार रख सकता है।

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अर्थशास्त्रियों ने कहा कि जून में रिजर्व बैंक ने तीसरी बार रेपो रेट घटाया था। ऐसा एशिया सहित वैश्विक अर्थव्यवस्था में छाई मंदी को दूर करने के लिए अधिकतर देशों के केंद्रीय बैंक ने किया था। करीब एक दशक बाद भारतीय रिजर्व बैंक की रेपो रेट 5.75 फीसदी पहुंची थी। 17 से 24 जुलाई के बीच 66 अर्थशास्त्रियों में कराए सर्वे में 80 फीसदी ने अगस्त में एक बार फिर मुख्य ब्याज दर में कटौती का अनुमान जताया। 

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50 बीपीएस की भी हो सकती है कटौती

उन्होंने कहा कि आरबीआई 0.25 फीसदी घटाकर रेपो रेट को 5.50 फीसदी पर ला सकता है। तीन अर्थशास्त्रियों ने कहा कि इस बार 50 आधार अंकों की कटौती हो सकती है, जबकि 10 ने यथास्थिति बरकरार रखने का अनुमान जताया। कैपिटल इकोनॉमिक्स के एशियाई अर्थशास्त्री गेरेथ लीथर ने कहा कि महंगाई में नरमी और विकास दर की सुस्ती को देखते हुए एक और कटौती होने जा रही है।

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इतना ही नहीं 2020 की शुरुआत में एक बार फिर रेपो रेट नीचे आएगी और 5.25 फीसदी पर अगले एक साल तक स्थिर रहेगी। गौरतलब है कि आरबीआई ने फरवरी, अप्रैल और जून में लगातार तीन बार 0.25 फीसदी की कटौती की है।

पड़ सकती है मानसून की मार

वैश्विक डाटा एजेंसी डन एंड ब्रैडस्ट्रीट का कहना है कि मानसून की मार और खाद्य उत्पादों की कीमतों में उछाल के कारण आरबीआई अपनी मौद्रिक नीति को स्थिर रख सकता है। इस कारण अगस्त में होने वाली एमपीसी बैठक में एक और रेपो रेट कटौती की उम्मीदों को झटका लगेगा। डन एंड ब्रैडस्ट्रीट इंडिया के मुख्य अर्थशास्त्री अरुण सिंह ने कहा कि रेपो रेट में बदलाव से पहले कृषि उत्पादों और मानसून को ध्यान में रखना होगा।

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