छूट के बाद भी नहीं बिके महिंद्रा के 18,000 वाहन
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भारतीय वाहन निर्माता कंपनी महिंद्रा एंड महिंद्रा अपने 18,000 बीएस-3 वाहनों को नहीं बेच पायी है। कंपनी के इन वाहनों की सूची में दोपहिया से लेकर ट्रक तक शामिल हैं। महिंद्रा ने इस संबंध में बंबई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) को जारी बयान में इस बता की जानकारी दी है।
1 अप्रैल के बाद बीएस-3 वाहनों की बिक्री पर सुप्रीम कोर्ट के रोक के आदेश के बाद कंपनियों में अपने स्टॉक को क्लियर करने की होड़ मची थी।
कंपनियों के साथ साथ डीलरों ने भी बड़ी छूट देकर अपने वाहन 31 मार्च की रात से पहले ही बेंच दिए। औरों की तरह महिंद्रा ने भी अपने वाहनों पर 15 फीसदी तक छूट का ऐलान कर अपना काफी स्टॉक बेच दिया। महिंद्रा ने बैन से पहले लगभग 2,000 करोड़ रुपये के वाहन को बेच दिया। कंपनी अपने बचे हुए वाहनों को बीएस-4 मानको के अनुरूप बदलाव करने के लिए वापस मंगा सकती है।
बढ़ेगी वाहनों की कीमत
महिंद्रा द्वारा जारी बयान के अनुसार कंपनी को 30 और 31 मार्च के बीच छूट पर वाहन बेचने के कारण काफी नुकसान उठाना पड़ा है। कंपनी अपने बचे हुए वाहनों को वापस मंगाकर उन्हें बीएस-4 मानको के अनुसार बदलाव करेगी।
जिसके बाद उन्हें 3,000 से 4,000 रुपये कीमत बढ़ाकर वापस बेचा जा सकेगा। हालांकि कंपनी ने इस बात की भी जानकारी दी की कंपनी कुछ वाहनों को बीएस-4 मानक के अनुरूप नहीं कर सकती है।
सुप्रीम कोर्ट का आदेश आने के बाद कंपनी का कहाना था कि कोर्ट के इस फैसले का वाहन इंडस्ट्री पर बड़ा असर पड़ेगा। साथ ही इसका असर वाहन निर्माता कंपनियों पर भी पड़ेगा। जिसके बाद वाहन निर्माता कंपनियों ने कोर्ट से 1 अप्रैल के बाद उन वाहनों की बेचने की अनुमति मांगी थी, जिनका निर्माण 1 अप्रैल 2017 से पहले हुआ है।